
मोकामा- डॉ. से लेकर मरीज तक डर के साये में, ये अस्पताल है या पोस्टमार्टम हाउस?
:- रवि शंकर अमित! बिहार सरकार चाहे जीतने दावे करे, लेकिन बिहार के सरकारी अस्पताल अस्पताल कम और पोस्टमार्टम हाउस अधिक नजर आते हैँ, स्थिति यह है की छत की परतें टूट टूट कर कभी मरीज पर गिर रही है तो कभी डॉक्टर पर, कभी छज्जा टूटकर मरीज पर गिर





































