शंखनाद संवाददाता
राज्य एवं केन्द्र सरकार के निर्देशों की अवहेलना कर की जा रही है फिजीकल सुनवाई
पूरे कार्यालय परिसर में ना तो सामाजिक दूरी का पालन किया जा रहा है ना मास्क का प्रयोग
दुमका
वैश्विक महामारी कोरोना के कहर से आज कोई भी अछूता नहीं रह गया है|पूरे देश में कोरोना का प्रकोप बढ़ता जा रहा है, केंद्र से लेकर राज्य सरकार तक महामारी की चेन कैसे तोड़ी जाय इसके लिए बड़े बड़े बिशेषज्ञो के साथ लगातार बैठक कर रणनीति बना रही है|झारखण्ड सरकार ने भी 4 दिसंबर को दिशा निर्देश जारी कर कहा है कि कोरोना गाइडलाइन का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित करें|सभी कार्यालयों को पचास प्रतिशत क्षमता के साथ संचालित करने का निर्देश दिया गया है|लेकिन राज्य सरकार के निर्देशों एवं कोरोना गाइडलाइन की धज्जियां उड़ाते हुए बंदोबस्त पदाधिकारी संथाल परगना परिक्षेत्र दुमका का न्यायालय संचालित है|कोर्ट परिसर स्थित बंदोबस्त कार्यालय में खुलेआम सामाजिक दूरी की अवहेलना की जा रही है|अधिकांश लोग बिना मास्क घूमते नजर आ रहे हैं| पूरे बंदोबस्त परिसर में कोरोना गाइडलाइन की खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही है|प्रत्यक्षदर्शियों ने कहा कि यहां भीड़ पर काबू नही किया जा सकता,लोग दूर-दूर से न्याय की आस लिए रोजाना आते हैं|ज्ञात हो कि दुमका जिला में सबसे ज्यादा संक्रमण के शिकार सरकारी कर्मचारी हो रहे हैं बाबजूद इस तरह भीड़ लगाकर न्यायालय संचालित करना कहां तक उचित कहा जा सकता है| बंदोबस्त कार्यालय परिसर में रोज उमड़ने वाली भीड़ पर काबू नही किया गया तो वो दिन दूर नहीं जब कोरोना संक्रमण पर लगाम लगाना मुश्किल हो जाए| यहां बताते चलें कि दुमका कोर्ट के दर्जनों कर्मचारी भी कोरोना से संक्रमित हो चुके है|




