:- रवि शंकर अमित!
– बख्तियारपुर सीएचसी की हालत देखकर स्थानीय विधायक अरुण कुमार साह भड़क गए। निरीक्षण के दौरान 42 में से केवल तीन मेडिकल स्टाफ ही ड्यूटी पर दिखे। वहीं सीएचसी में मौजूद एकमात्र डॉक्टर भी रेस्ट रूम में मोबाइल पर रील देखने में लगे थे। इस दौरान विधायक अरुण साह ने मरीजों और उनके परिजनों से सीएचसी में उपलब्ध सुविधाओं की भी जानकारी ली। मरीजों के परिजनों ने बताया कि यहां सीएचसी में एएनएम डिलीवरी के बाद एक हजार रुपए तक खुशीनामा के रूप में वसूलती हैं। पैसा नहीं देने पर गर्भवती महिला को लेबर पेन में ही बेड पर छोड़ दिया जाता है। एक परिजन ने तो इलाज में लापरवाही बरते जाने पर अपने नवजात को भी खो दिया। उन्होंने कहा कि अगर हम समय पर पत्नी का इलाज नहीं कराते, तब उसकी जान भी चली जाती। अब वे सीएचसी में कभी इलाज कराने नहीं आएंगे। मरीजों की परेशानियों को सुन विधायक ने सीएचसी में तुरंत सभी स्वास्थ्यकर्मियों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने कहा कि वे स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार से मिलकर बख्तियारपुर में एक ट्रॉमा सेंटर की मांग भी रखेंगे।
बाइट- मरीजों के परिजन
बाइट – अरुण कुमार साह, विधायक, बख्तियारपुर



