रिपोर्टर– राजीव कुमार झा
बिस्फी पुलिस को मिली बड़ी सफलता, रघौली डकैती की साजिश नाकाम, कट्टा- कारतूस भी बरामद
रघौली के ‘बड़े घर’ पर डाका डालने वाले थे, अपराधी साजिश नाकाम
मधुबनी जिले के बिस्फी थाना क्षेत्र में पुलिस ने एक बड़ी आपराधिक साजिश को योजनाबद्ध तरीके से विफल कर दिया है। गुप्त सूचना के आधार पर बिस्फी थानाध्यक्ष अविनाश कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मोईन पुल पर संदिग्ध अपराधियों की घेराबंदी की, जहां चार अपराधीयों को हथियार समेत धर दबोचा गया। चारों अपराधी घाटभटरा व बिस्फी दुधिया टोल के निवासी हैं। पकड़े गए अपराधीयों की पहचान रविन्द्र कुमार यादव, पिता स्व. धनेश्वर यादव, गांव घाटभटरा। राहुल कुमार उर्फ राजकुमार, पिता कौशल किशोर यादव, गांव घाटभटरा। रविन्द्र कुमार यादव, पिता गणेश यादव, गांव घाटभटरा। धर्मेन्द्र कुमार उर्फ धरम, पिता राम ईकबाल यादव, दुधिया टोल, बिस्फी के रूप मे किया गया है। पुलिस द्वारा अभियुक्तों की तलाशी लेने पर उस के पास से आपराधिक सामग्री बरामद की है, जिसमें एक देशी कट्टा, एक जिंदा कारतूस तथा तीन मोबाइल फोन और एक चाकू बरामद हुए हैं। मामले को लेकर बताया जा रहा है की दिनांक 15 फरवरी 2026 को बिस्फी थानाध्यक्ष अविनाश कुमार को गुप्त सूचना मिली कि मोईन पुल (बिस्फी) पर कुछ अपराधी इकट्ठा होकर किसी बड़ी घटना को अंजाम देने का योजना बना रहे हैं। सूचना को वरीय अधिकारियों के समक्ष रखकर थानाध्यक्ष अविनाश कुमार ने तुरंत पुलिस टीम के साथ मौके पर छापेमारी की। पुलिस वाहन को देखते ही अपराधी भागने लगे, लेकिन सतर्क पुलिस बल ने घेराबंदी कर चार अपराधी को पकड़ लिया। वही दो अन्य भागने में सफल रहे, जिनकी पहचान चेहरा देखकर किए जाने का दाबा किया जा रहा है। पकड़े गए अपराधीयों से पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा हुआ अभियुक्तों ने कबूल किया कि वे बिस्फी थाना क्षेत्र के ग्राम रघौली में एक ‘बड़े घर’ को निशाना बनाकर डकैती डालने की योजना बना रहे थे। पुलिस के आते ही भगदड़ मच गई, जिसमें दो साथी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गया। पुलिस द्वारा बरामद सभी सामग्री की विधिवत जब्ती सूची बनाकर जब्त कर ली गई है। साथ ही आगे कानूनी कार्रवाई के लिए चारों अभियुक्तों को गिरफ्तार कर थाना लाया गया। जहां बिस्फी थाना कांड संख्या 29/26, दिनांक 15.02.2026 में धारा 310(4)/310(5) एवं आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-बी)/26/35 के तहत् प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस के द्वारा विधिसम्मत कार्रवाई जारी है। वही फरार अपराधियों की तलाश तेज कर दी गई है। यह घटना मधुबनी पुलिस की सतर्कता का जीता-जागता उदाहरण है, जो अपराधियों को पकड़ने में सफल रही है।



