आदित्यानंद आर्य की रिपोर्ट :-
सीतामढ़ी : महर्षि दुर्वासा की तपोस्थली, दुर्वासा गढ़ ( दुहवी ), विदेह नगरपालिका, तिनकौरिया धनुषा जनकपुरधाम नेपाल में आयोजित एक समारोह में कविता संग्रह ” सूर्योदय होने तक ” का लोकार्पण श्रीराम सांस्कृतिक शोध संस्थान न्यास के प्रबंध न्यासी सह अध्यक्ष, रामायण परिषद ( भारत सरकार, पर्यटन मंत्रालय, नई दिल्ली ) डॉ राम अवतार शर्मा द्वारा सम्पन्न हुआ। इस अवसर पर डॉ श्री शर्मा ने माता सीता की जन्मभूमि सीतामढ़ी के ओज कवि वाल्मीकि कुमार ” प्रखर ” को निरंतर साहित्य सृजन में लगे रहने को कहा। उन्होंने कहा कि कविता की पंक्ति काफी चिंतन के बाद जेहन में आता हैं। ऐसे में एक पुस्तक के रूप में कविता संग्रह का प्रकाशन इनके साहित्य के प्रति निष्ठा का नतीजा हैं। उन्होंने कविताओं के भाव को सराहनीय बताते हुए लेखक कवि श्री ” प्रखर ” को बधाई दी। मौके पर अयोध्या धाम के चर्चित कारसेवक संतोष दूबे ने कहा कि पुस्तक ” सूर्योदय होने तक ” में प्रकाशित कविताओं में कारसेवकों के जज्बे और राष्ट्रीयता के भाव को विशेष स्थान दिया गया हैं। कवि सह लेखक बधाई के पात्र हैं। कार्यक्रम में नई दिल्ली के संदीप कुमार, इंदौर ( मध्य प्रदेश ) के संदीप शास्त्री व वैदिक संस्थान ओंकारेश्वर के आचार्य संदीप वशिष्ट, नेपाल सरकार के पुरातत्त्व विभाग के वरीय अधिकारी नवराज अधिकारी, नेपाल नीति आयोग के पूर्व उपाध्यक्ष डॉ हरिवंश झा, कमला बचाओ अभियान जनकपुरधाम के संयोजक विक्रम यादव व अखिल भारतीय साहित्य परिषद बिहार की प्रान्त सचिव डॉ मीनाक्षी मीनल समेत सैकडों लोगों ने कविता संग्रह की सराहना करते हुए पुस्तक के लेखक को शुभकामनाएं दी।




