रिपोर्ट – सुमित कुमार!
भीमबांध में ग्रामीणों से मिले सीएम, शिक्षा-स्वास्थ्य सुविधाएं बेहतर करने का दिया भरोसा
इंटर तक विद्यालय, स्वास्थ्य केंद्र व आंगनबाड़ी भवन निर्माण की ग्रामीणों ने रखी मांग!
-मुंगेर जिले के हवेली खड़गपुर प्रखंड की गंगटा पंचायत अंतर्गत पहाड़ और जंगलों से घिरे भीमबांध गांव में गुरुवार दोपहर बाद मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी सड़क मार्ग से पहुंचे। यहां उन्होंने ग्रामीणों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं। भीमबांध स्थित आईबी परिसर में ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री के समक्ष क्षेत्र में शिक्षा, स्वास्थ्य और रोजगार से जुड़ी कई मांगें रखीं।
ग्रामीणों ने बताया कि भीमबांध में मैट्रिक तक की शिक्षा के बाद छात्र-छात्राओं को इंटर की पढ़ाई के लिए करीब 18 किलोमीटर दूर गंगटा मोड़ अथवा जमुई जिले के लक्ष्मीपुर जाना पड़ता है। इससे विशेषकर छात्राओं को काफी परेशानी होती है। ग्रामीणों ने भीमबांध में इंटर स्तर तक विद्यालय की व्यवस्था करने की मांग मुख्यमंत्री से की।
इसके अलावा ग्रामीणों ने आंगनबाड़ी केंद्र के लिए भवन निर्माण, स्वास्थ्य केंद्र का भवन बनाने तथा जीविका मिशन के माध्यम से स्थानीय लोगों को स्वरोजगार उपलब्ध कराने की मांग रखी। ग्रामीणों ने कहा कि क्षेत्र पहाड़ी और जंगलों से घिरा होने के कारण यहां सरकारी सुविधाओं का विस्तार बेहद जरूरी है।
मुख्यमंत्री ने ग्रामीणों की सभी समस्याओं को गंभीरता से सुना और उनके समाधान के लिए आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों की मूलभूत जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सुविधाओं के विस्तार की दिशा में पहल की जाएगी।
ग्रामीणों से संवाद के बाद मुख्यमंत्री ने भीमबांध में चल रहे विभिन्न निर्माण कार्यों का अवलोकन किया। उन्होंने निर्माण कार्यों की प्रगति और गुणवत्ता की जानकारी अधिकारियों से ली। इसके बाद वन विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की और भीमबांध क्षेत्र के विकास, पर्यटन सुविधाओं तथा वन क्षेत्र से जुड़े विभिन्न बिंदुओं पर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
इस दौरान जिलाधिकारी निखिल धनराज निप्पाणीकर, प्रधान सचिव जलवायु परिवर्तन विभाग आनंद किशोर, वार्ड सदस्य संतन कुमार सिंह सहित दर्जनों ग्रामीण एवं संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद थे।
बाइट-नूतन कुमारी ग्रामीण
बाइट-सत्तन कुमार वार्ड
बाइट-नीलम कुमारी ग्रामीण




