आरा/आशुतोष पाण्डेय!
बेटे भरत को न्याय के लिए आमरण अनशन पर बैठने से पहले मां की बिगड़ी तबीयत, चिकित्सकीय इलाज जारी
परिवार वालों ने आमरण अनशन 20 जुलाई तक किया स्थगित
परिवार बोला—न्याय की उम्मीद बरकरार,सरकार के न्यायिक जांच पर जताया भरोसा
एंकर/ भोजपुर के चर्चित भरत तिवारी एनकाउंटर मामले में न्याय की मांग को लेकर गुरुवार से शुरू होने वाला पीड़ित परिवार का आमरण अनशन फिलहाल स्थगित कर दिया गया है। अनशन शुरू होने से ठीक पहले भरत तिवारी की मां आशा देवी की अचानक तबीयत बिगड़ गई। लो ब्लड प्रेशर की शिकायत के बाद मेडिकल टीम मौके पर पहुंची और चिकित्सकों की निगरानी में उनका इलाज शुरू किया गया। स्वास्थ्य खराब होने के कारण आशा देवी ने कहा कि फिलहाल वह आमरण अनशन पर बैठने की स्थिति में नहीं हैं। उन्होंने कहा कि जैसे ही स्वास्थ्य में सुधार होगा, वह फिर से अनशन शुरू करेंगी। साथ ही उन्होंने रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में चल रही जांच पर भरोसा जताते हुए कहा कि उन्हें उम्मीद है कि परिवार को न्याय अवश्य मिलेगा।
वहीं, भरत तिवारी के भाई चंदन तिवारी ने मीडिया से बातचीत में बताया कि मां की तबीयत खराब होने के कारण प्रस्तावित भूख हड़ताल को 20 जुलाई तक स्थगित किया गया है। उन्होंने कहा कि यदि कानूनी जांच प्रक्रिया निष्पक्ष और सही तरीके से आगे नहीं बढ़ती है, तो परिवार फिर से आमरण अनशन करेगा। चंदन तिवारी ने यह भी कहा कि आरा सिविल कोर्ट में चल रही जांच प्रक्रिया सही दिशा में आगे बढ़ती दिखाई दे रही है, जिससे परिवार को न्याय मिलने की उम्मीद मजबूत हुई है। इसके साथ ही उन्होंने सरकार द्वारा रिटायर्ड जज की अध्यक्षता में गठित जांच आयोग पर भी विश्वास जताते हुए निष्पक्ष जांच और न्याय मिलने की आशा व्यक्त की।
बाइट-आशा देवी, भरत तिवारी की मां
बाइट- चंदन तिवारी,भरत तिवारी के भाई
बाइट- डॉ मुन्ना कुमार प्रसाद,आशा देवी का इलाज कर रहे चिकित्सक




