:- रवि शंकर अमित!
कृषि यांत्रिकरण योजना के अंतर्गत आज जिला कृषि कार्यालय, विष्णुपुर, बेगूसराय के प्रांगण में दो दिवसीय जिला स्तरीय ‘कृषि यांत्रिकरण मेला’ का भव्य शुभारंभ हुआ। मेले का उद्घाटन शैलेश कुमार, संयुक्त निदेशक, मुंगेर प्रमंडल तथा अभिषेक रंजन, जिला कृषि पदाधिकारी, बेगूसराय द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया।
उद्घाटन अवसर पर संबोधित करते हुए संयुक्त निदेशक श्री शैलेश कुमार ने कहा कि कृषि यांत्रिकीकरण से खेती की लागत में कमी, समय की बचत तथा उत्पादकता में वृद्धि संभव हुई है। उन्होंने कहा कि आधुनिक कृषि यंत्रों के उपयोग से किसानों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि हो रही है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि चालू वित्तीय वर्ष में क्रय किए गए यंत्रों का भौतिक सत्यापन प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कर अनुदान की राशि शीघ्र किसानों के खातों में हस्तांतरित की जाए। उन्होंने यह भी बताया कि पंचायत स्तर पर कस्टम हायरिंग सेंटर एवं कृषि यंत्र बैंक की स्थापना के माध्यम से छोटे एवं सीमांत किसानों को 40 से 80 प्रतिशत तक के अनुदान पर यंत्र उपलब्ध कराए जा रहे हैं।
जिला कृषि पदाधिकारी श्री अभिषेक रंजन ने अपने संबोधन में कहा कि बेगूसराय के किसान तकनीक एवं नवाचार को अपनाने में अग्रणी हैं। मक्का सहित अन्य रबी एवं खरीफ फसलों के उत्पादन में जिले ने उल्लेखनीय प्रगति की है। उन्होंने बताया कि जिले के किसान ड्रोन तकनीक सहित आधुनिक उपकरणों का उपयोग कर उन्नत खेती की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। मेले में प्रदर्शित ‘मेज थ्रेसर कम पीलर’, ‘मिनी फ्लोर मिल’, ‘पावर वीडर’ तथा ‘पंप सेट’ जैसे यंत्रों के प्रति किसानों में विशेष उत्साह देखा गया।
उप निदेशक (कृषि अभियंत्रण) न्यूटन कुमार ने जानकारी दी कि वर्तमान में राज्य सरकार द्वारा 91 प्रकार के कृषि यंत्रों पर अनुदान की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। मेले के प्रथम दिन ही किसानों ने उत्साहपूर्वक 20 लाख रुपये से अधिक मूल्य के कृषि यंत्रों की खरीदारी की। कार्यक्रम के दौरान पांच प्रगतिशील किसानों को प्रतीकात्मक रूप से कृषि यंत्रों की चाबियां प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर जिला कृषि विभाग के सहायक निदेशकगण, अनुमंडल कृषि पदाधिकारी (बेगूसराय एवं बलिया), प्रखंड कृषि पदाधिकारी, कृषि समन्वयक, किसान सलाहकार तथा बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे। मेला अगले दिन भी जारी रहेगा, जिसमें जिले के अन्य किसान आकर आधुनिक कृषि यंत्रों की जानकारी प्राप्त कर सरकारी अनुदान योजना का लाभ उठा सकते हैं।



