रिपोर्टर– राजीव कुमार झा
56 युवाओं को मिले सुनहरे मौके, टाटा से लेकर फ्लिपकार्ट का स्टॉल, रोजगार मेले में उमड़ा जन सैलाब
मधुबनी जिले के जयनगर अनुमंडल क्षेत्र अंतर्गत प्लस टू हाई स्कूल के मैदान में जीविका के तत्वावधान में दीन दयाल उपाध्याय ग्रामीण कौशल्य योजना के अंतर्गत रोजगार सह मार्गदर्शन मेला का भव्य आयोजन किया गया है। इस आयोजन में आज युवाओं का जबरदस्त उत्साह देखने को मिला, खासकर युवतियों की संख्या पुरुषों से कई गुना अधिक रही। अनुमंडल पदाधिकारी दीपक कुमार, नगर पंचायत अध्यक्ष कैलाश पासवान, हॉस्पिटल प्रबंधक प्रभात कुमार, जिला रोजगार प्रबंधक विश्वजीत कुमार सुमन व प्रखंड परियोजना प्रबंधक रणजीत कुमार ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलन कर उद्घाटन किया। जीविका दीदियों ने अतिथियों का मिथिला की परंपरा के अनुसार स्वागत गान, पाग व अंगवस्त्र से किया गया। मेले में 18 प्रमुख कंपनियों ने स्टॉल लगाकर आए हुए शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं को रोजगार के सुनहरे अवसर प्रदान किए गए। जिसमें मारुति सुजुकी, वर्धमान, टाटा मोटर्स, नवभारत फर्टिलाइजर, याजाकी इंडिया, शिवशक्ति बायोटेक, फ्लिपकार्ट, होप केयर, जीफोरएस सिक्योरिटी, अरविंद मिल्स, विजन इंडिया, एलएंडटी कंस्ट्रक्शन, टाटा कंस्ट्रक्शन जैसी कंपनियों ने हिस्सा लिया। प्रशिक्षण व नियोजन के लिए एलएनजे स्किल्स, परम स्किल ट्रेनिंग, एमपीआर मेमोरियल फाउंडेशन व ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान सक्रिय रहे। कुल 1056 युवाओं ने पंजीकरण कराया, जिसमें 78 को तत्काल ऑफर लेटर मिले। 356 युवाओं को दूसरे चरण के साक्षात्कार हेतु चुना गया है। 132 ने स्वरोजगार प्रशिक्षण हेतु पंजीकरण कराया, जबकि 184 अन्य प्रशिक्षणों के लिए आवेदन दिए। शेष का चयन योग्यता व रुचि के आधार पर कंपनियां करेंगी। न्यूज कवरेज करते समय भी पंजीकरण जारी रहा। जिला रोजगार के प्रबंधक विश्वजीत कुमार सुमन ने बताया कि यह योजना 18 से लेकर 35 वर्ष के शहरी और ग्रामीण युवाओं को रोजगार व कौशल प्रशिक्षण भी उपलब्ध कराया जाता है। मेले में पूर्व भी सभी पंचायतों में प्रचार वाहनों से व्यापक प्रचार किया गया था। अनुमंडल पदाधिकारी व नगर पंचायत अध्यक्ष ने जीविका के कार्यों की सराहना की है तथा बेरोजगार युवाओं को लाभ उठाने का आह्वान भी किया। बिहार कौशल विकास मिशन प्रशिक्षण केंद्र जयनगर व ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान मधुबनी ने प्रशिक्षित युवाओं व दीदियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। अगरबत्ती निर्माण व सॉफ्टवेयर प्रशिक्षित दीदियां अब स्वरोजगार से आत्मनिर्भर बनेंगी। जीविका बीपीएम रणजीत कुमार ने सभी का धन्यवाद दिया। कार्यक्रम में जीविका जिला कार्यालय के प्रबंधक, प्रखंड कर्मी, एमआईएस कैडर व दीदियां उपस्थित रहीं। यह मेला ग्रामीण बेरोजगारी उन्मूलन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित हुआ है।




