रिपोर्ट – अभिषेक कुमार
अप्रैल महीने में ही गया का तापमान पहुंचा 42 डिग्री से 43 डिग्री , गर्मी ने लोगो का जीना मुहाल किया, सुबह होते ही पड़ती है कड़ी धुप ,दोपहर में गया की सड़के हो जाते है सन्नाटे ।
गया में इन दिनों गर्मी अपने परवान पर है फ़िलहाल गया में 42 डिग्री से 43 डिग्री के बिच रहे तापमान से लोगो का हलक सुख रहा है शुबह होते ही जैसे -जैसे गर्मी बढ़ता जाता है गर्मी भी अपना कहर बरपाते जाती है ,हालत यह हो जाता है की शुबह 11 बजे के दिन के बाद गया के सडको पर बहुत कम लोग ही दिखाई देते है और जो दिखते है उनकी भी कड़ी धुप में निकलने की मज़बूरी होती है और कुछ दूर चलने के बाद जूस या सर्बत दुकान पर जूस या सर्बत पीना पड़ता है वंही गर्मी के दिनों में जूस या सर्बत दुकान पर आने जाने लोगो की भीड़ लगी रहती है और लोग अपनी प्यास बुझाने के लिए दुकान और सड़क के किनारे लगे जूस या सर्बत दुकान पर जाना नहीं भूलते है
ज्ञात हो की गया के इस गर्मी में सड़के के साथ साथ गया जंक्शन के प्लेटफ्रॉम पर भी सन्नाटा पसरा हुआ है वंही जिला प्रसाशन के द्वारा गया के सडको पर दोपहर में टेंकर से पानी का छिड़काब भी हो रहा है
वंही गया के स्थानीय महिलाओं ने बताया की अभी से इस कदर की गर्मी है की लोग शुबह में सब्जी या अन्य काम के लिए निकलते है और दोपहर में तो चलने पर आंख में जलन सा महसूह होने लगता है और गला सूखने लगता है और बच्चो को तो स्कूल से आने जाने में भी बहुत तकलीफ होने लगा है स्कूल का कोई -कोई बच्चा गर्मी से गिर जा रहा है हमलोगो को घर के लिए सब्जी या और कोई काम होता है तो शाम में निकलते है अभी हमलोग किसी काम से स्कूटी से बाहर निकले है तो चेहरा और गला सूखने लगा है अभी अप्रैल का यह हाल है तो मई और जून बाकी है
वंही गया के कुछ स्थानीय लोगो ने बताया की अभी अप्रैल के महीने में इतना गर्मी है तो आने वाले महीने में क्या होगा अभी से ही गर्म हवा चलने लगा है और दोपहर में तो घर से निकलने का मन ही नहीं करता है जिस तरह की गर्मी है बहुत जरुरी काम होता है तो दोपहर को घर से निकलते है वंही कुछ और लोगो ने बताया की गर्मी इतना है की बच्चो को स्कूल से लाने में भी डर लगाने लगा है की कंही बच्चो को लू नहीं लग जाए और अभी का स्थिति देख कर लग रहा है की मई जून में और भी अधिक गर्मी होगा




