रवि शंकर शर्मा
नीतीश कुर्सी की खातिर जंगलराज के पुरोधा की गोद में जाकर बैठ गए : विजय कुमार सिन्हा
नीतीश की राजनीतिक हैसियत समाप्त हो गई : सम्राट चौधरी
पटना, 21 दिसंबर । शराबबंदी वाले राज्य बिहार के सारण में शराबकांड में मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग को लेकर तथा अंहकारी सरकार द्वारा लगातार विधायिका को कमजोर करने के विरोध में बुधवार को विधानमंडल परिसर में भाजपा के विधायक और विधान परिषद के सदस्य एक दिवसीय धरना पर बैठे।
इस धरना कार्यक्रम की अध्यक्षता विधानमंडल दल के नेता विजय कुमार सिन्हा तथा विधान परिषद में विपक्ष के नेता सम्राट चौधरी ने किया एवं संचालन जनक सिंह ने की।
धरना कार्यक्रम में आए विधायकों और विधान पार्षदों को संबोधित करते हुए विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि यह धरना कार्यक्रम उस सरकार के खिलाफ है जो सत्ता के मद में अहंकारी हो चुकी है और स्थिति यह आ गई है कि विधायिका को ही समाप्त करने में जुटी है।
उन्होंने कहा कि बिहार को जंगलराज से मुक्ति के लिए जिसे जनता ने सत्ता पर बैठाया था आज वही व्यक्ति कुर्सी की खातिर जंगल राज के पुरोधा के गोद में जा बैठे हैं।
श्री सिन्हा ने कि शीतकालीन सत्र के दौरान विपक्ष सारण में शराब पीने से मरने वाले परिजनों को मुआवजे की मांग को लेकर हंगामा करता रहा, लेकिन विपक्ष की नहीं सुनी गई। यहां तक की कार्यमंत्रणा की बैठक तक नहीं बुलाई गई।
इधर, विधान परिषद में विपक्ष के नेता सम्राट चौधरी ने नीतीश सरकार को शराबबंदी को लेकर कटघरे में खड़ा करते हुए कहा कि अगर आज शराबबंदी असफल हुई है तो इसका मात्र कारण खुद नीतीश कुमार हैं।
उन्होंने कहा कि लोकतंत्र की लगातार हत्या की जा रही है। उन्होंने कहा कि सारण में जहरीली शराब से 100 से अधिक लोगों की मौत हुई है लेकिन सरकार सिर्फ 38 लोगों की मौत जाता रही है।
उन्होंने कहा कि सरकार से सिर्फ न्यायिक जांच की मांग कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बिहार में एक दिन में 38 लोगों की मौत हो रही है और उसके बाद आप सोचते हैं कि मानवाधिकार आयोग भी जांच करने नहीं आए।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री की राजनीतिक हैसियत समाप्त हो गई है। उन्होंने कहा कि मरने वाले बिहारी हैं और उसे न्याय दिलाना विपक्ष का काम है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक मृतक के परिजनों को मुआवजा और मामले की न्यायिक जांच नहीं हो जाती तब तक भाजपा का आंदोलन जारी रहेगा।
इस कार्यक्रम में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष डॉ संजय जायसवाल भी उपस्थित रहे तथा धरना में शामिल विधायकों और विधान पार्षदों को उत्साहित किया।
इस धरना कार्यक्रम में पूर्व उप मुख्यमंत्री तार किशोर प्रसाद, रेणु देवी, मुख्य सचेतक जनक सिंह, पूर्व मंत्री मंगल पांडेय, नितिन नवीन, प्रेम कुमार, राम सूरत राय, अमरेंद्र प्रताप सिंह, आलोक रंजन, कृष्ण कुमार ऋषि, राणा रणधीर सिंह, विधान पार्षद नवल किशोर यादव, संजय सरावगी, विधायक विजय खेमका, भागीरथी देवी, निक्की हेंब्रम, निवेदिता सिंह, स्वर्णा सिंह, गायत्री देवी, अरुणा देवी, कुसुम देवी सहित बड़ी संख्या में एमएलए, एमएलसी उपस्थित होकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे थे।




