बांका से कुंदन कुमार की रिपोर्ट :-
जिले के प्रसिद्ध मधुसूदन मंदिर में वृंदावन नंदग्राम की तर्ज पर जन्माष्टमी पर शनिवार को भगवान मधुसूदन का दूध और दही की होली खेलकर अभिषेक हुआ। श्रद्धालु भक्तों ने भारी संख्या में भगवान मधुसूदन को दूध-दही से नहलाया। इलाके का महत्वपूर्ण दही-कादो पर्व मनाने की परंपरा काफी पुरानी है। कहते हैं भगवान कृष्ण के जन्म के बाद नंद बाबा ने दही की होली खेली थी। उसी परंपरा का निर्वाह करते हुए यहां के लोग दही कदवा पर्व मनाते हैं। भगवान मधुसुदन को ¨सहासन पर विराजमान कर पीत वस्त्र का वरण करते हुए पंडितों द्वारा वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच भगवान मधुसूदन का दूध दही से शीर्षस्थ अभिषेक किया। इसके साथ आगंतुक श्रद्धालु भक्तों का अपने-अपने पात्रों में लाये दही दूध से भगवान मधुसूदन का अभिषेक की होड़ मची रही। जिसमें बौंसी शहर के साथ आसपास ग्रामीण क्षेत्रों से आए लोगों ने तकरीबन पांच ¨क्वटल से अधिक दही-दूध से अभिषेक किया। श्रद्धालुओं ने श्रीकृष्ण की जन्म की खुशी में एक दूसरे को दही की होली खेलते सराबोर किया। पंडा समाज के युवकों ने जमकर दही की होली खेली।




