पुलिस पर गोली चलाने वाला हैदर मुठभेड़ में ढेर,अन्य सभी अपराधी गिरफ्तार, भारी मात्रा में हथियार एवं कारतूस बरामद।

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पंकज कुमार जहानाबाद!

अनुमंडल मुख्यालय स्थित मनी चक के पास शुक्रवार की देर रात्रि पुलिस पर गोली चलाने वाले अपराधी को मुठभेड़ में मार गिराया गया है इस घटना में शामिल सभी अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया गया है पुलिस ने उनके पास से भारी मात्रा में हथियार एवं जिंदा कारतूस बरामद किया है फिलहाल पुलिस मारे गए अपराधी के कुछ अन्य साथियों को पता लगाने में जुटी हुई है आपको बताते चलें कि मसौढ़ी में बेखौफ बदमाशों के दुस्साहस और संगीन वारदातों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। बेखौफ अपराधी जहां कानून के रखवालों पर ही जानलेवा हमला बोल दिया गया। मसौढ़ी थाना क्षेत्र के मनीचक मोहल्ले में तफ्तीश और छापेमारी करने गई पुलिस की टीम पर अपराधियों ने घात लगाकर हमला कर दिया। इस खूनी मुठभेड़ और ताबड़तोड़ गोलीबारी में मसौढ़ी थाना के कार्यवाहक प्रभारी (इंचार्ज) राहुल कुमार और दारोगा संजय कुमार गंभीर रूप से जख्मी हो गए।
खाकी को सरेआम चुनौती देने और पुलिसकर्मियों पर गोली चलाने की जुर्रत के चंद घंटों के भीतर ही मुस्तैद पुलिस महकमे ने ‘ऑपरेशन क्लीन’ चलते हुए पुलिस ने फौरन जवाबी कार्रवाई करते हुए इलाके के बेहद खूंखार, शातिर और वांछित बदमाश मोहम्मद हैदर को एनकाउंटर में ढेर कर यमलोक पहुंचा दिया। बताया जा रहा है कि पुलिस प्रशासन को एक खुफिया मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली कि संगीन जुर्म की दुनिया का बेताज बादशाह मोहम्मद हैदर जो मसौढ़ी के सोन कुकरा गांव के रहने वाला है अपने गुर्गों के साथ मनीचक मोहल्ले में छिपा हुआ है और उसने एक बेकसूर नौजवान को बंधक बना रखा है। और उसके साथ मारपीट कर रहा है इस बेहद संवेदनशील और पुख्ता जानकारी के मिलते ही मसौढ़ी थाने की स्पेशल टीम बिना वक्त गंवाए फौरन मौके के लिए रवाना हो गई। पुलिस का मुख्य मकसद और पहली प्राथमिकता उस बंधक युवक संगत पर मोहल्ला निवासी रंजन चौधरी को अपराधियों के चंगुल से सलामत छुड़ाने का था।मुठभेड़ की शुरुआत जैसे ही पुलिस का दस्ता वारदात वाली जगह के
करीब पहुंचा, वहां पहले से घात लगाए बैठे हैदर और उसके साथियों को पुलिस की आहट मिल गई। खुद को घिरता देख बौखलाए अपराधियों ने बिना कोई मौका दिए पुलिस पार्टी पर आधुनिक हथियारों से अंधाधुंध और ताबड़तोड़ फायरिंग शुरू कर दी।
इस अचानक हुए हमले और गोलियों की तड़तड़ाहट से पूरा इलाका दहल उठा। इस भीषण गोलीबारी में एडिशनल थानेदार राहुल कुमार के पैर में गोली जा धंसी, जबकि एएसआई संजय कुमार को एक गोली छूते हुए निकल गई। दोनों पुलिसकर्मी लहूलुहान होकर वहीं गिर पड़े। मौके पर अफरा-तफरी और दहशत का माहौल कायम हो गया। इसके बावजूद पुलिस के जवानों ने हिम्मत नहीं हारी और मोर्चा संभालते हुए अपराधियों पर जोरदार पलटवार किया। दोनों तरफ से कई चक्र गोलियां चलीं और पूरा इलाका जंग के मैदान में तब्दील हो गयाथा।
मुठभेड़ के फौरन बाद पटना के आईजी जितेंद्र राणा ने जानकारी देते हुए बतायाकि इस मुठभेड़ में दो पुलिस अफसर जख्मी हुए हैं, जिन्हें इलाज के लिए फौरन अस्पताल में दाखिल कराया गया है। वहीं पुलिस की जवाबी जवाबी कार्रवाई में एक मुख्य शातिर अपराधी मोहम्मद हैदर को भी गोली लगी है। हालांकि, शुरुआती अफरा-तफरी का फायदा उठाकर वह जख्मी हालत में ही अपने खूंखार साथियों की मदद से सरहद पार यानी मौके से फरार होने में कामयाब रहा। पुलिस ने फौरन पूरे जिले की नाकेबंदी कर दी और फरार अपराधियों की तलाश में संभावित ठिकानों पर ताबड़तोड़ छापेमारी शुरू की।रात ढलने के साथ ही तफ्तीश में जुटी पुलिस टीम को घायल मोहम्मद हैदर की सही लोकेशन का सुराग पुलिस को हाथ लगा। जांच में यह साफ हुआ कि पुलिस की जवाबी गोलीबारी में हैदर बुरी तरह जख्मी हो चुका था। उसके साथी उसे खून से लथपथ हालत में सबसे पहले पुनपुन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) लेकर पहुंचे थे। वहां डॉक्टरों ने उसकी नाजुक हालत और शरीर से बहते खून को देखते हुए फौरन पीएमसीएच रेफर कर दिया।हैदर को पीएमसीएच और फिर मैक्स अस्पताल घुमाते हुए आखिरकार राजा बाजार स्थित पारस हॉस्पिटल ले गयी वहां गोली लगने की वजह से जिस्म से अत्यधिक ज्यादा खून बह जाने और गहरे जख्मों के ताव को न सह पाने के कारण उसने दम तोड़ दिया।
पुलिस के आला अफसरों के मुताबिक, मोहम्मद हैदर लंबे वक्त से संगीन जुर्म की काली दुनिया में सक्रिय था और इलाके के आवाम के लिए दहशत का दूसरा नाम बना हुआ था। उसके खिलाफ हत्या का प्रयास, किडनैपिंग , अवैध असलहे और भारी तादाद में हथियारों की तस्करी के साथ-साथ सरकारी मुलाजिमों पर हमला करने जैसे कई संगीन मुकदमे दर्ज थे।इस सनसनीखेज वाकया ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि अपराध के रास्ते पर चलने वाले बदमाश सूबे की अमन-चैन और कानून-व्यवस्था के लिए कितना बड़ा नासूर बन चुके हैं। फिलहाल पुलिस हैदर के बाकी फरार साथियों की धरपकड़ के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार ऑपरेशन और छापेमारी चला रही है ताकि इस पूरे खूनी साज़िश की तह तक पहुंचा जा सके। शनिवार को भी सुबह से ही पुलिस के जवान मोहम्मद हैदर के साथियों के खोज में जुटी हुई थी। पुलिस ने सभी सात अपराध कर्मियों को गिरफ्तार करने में सफलता पाई है जिसके पास से भारी मात्रा में हथियार एवं कारतूस बरामद किया गया है

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