रिपोर्ट- प्रशांत कुमार
बेगूसराय में बिना सर्च वारंट और किसी मुकदमा में शामिल नहीं होने के बाद भी व्यवसाय के घर में पुलिस घुसकर किया घर वालों को प्रताड़ित, नाराज व्यवसाययों ने एसपी मनीष से मिलकर जताया विरोध
बेगूसराय से बड़ी खबर आ रही है पुलिस ने बिना वारंट और बिना किसी अपराधी मुकदमे में शामिल नहीं होने के बाद भी व्यवसाय के घर में घुसकर हंगामा करने महिलाओं के साथ दुर्भावर करने और घर वाले को प्रताड़ित करने का मामला सामने आया है। दरअसल बेगूसराय में व्यवसायी के घर बिना किसी सर्च वारंट और आपराधिक मुकदमे के घर में घुसकर महिलाओं के साथ में अभद्र व्यवहार करने और घर में हंगामा करने से नाराज व्यवसायियों ने एसपी ऑफिस पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया है और दोषी थाना अध्यक्ष और पुलिसकर्मी पर कार्रवाई की मांग की है। जानकारी के अनुसार 25 फरवरी की रात रतनपुर थाना पुलिस रतनपुर चट्टी रोड में शहर के बड़े व्यवसाई जीव नारायण साह के घर छज्जे के रास्ते प्रवेश कर गया और संतोष कुमार को ढूंढने लगा जब परिजनों ने कहा कि इस नाम का व्यक्ति इस घर का कोई सदस्य नहीं है उसके बाद पुलिसकर्मियों ने परिजनों के साथ गाली-गलौच की धक्का मुक्की की। घर की महिलाओं का आरोप है कि वह अकेली महिला अपने कमरे में थी और पुलिसकर्मी जबरन दूसरे घर के छज्जे के रास्ते से घर का दरवाजा तोड़कर प्रवेश किया और पूछा संतोष कहां है जब उसके द्वारा बताया गया इस नाम का इस मकान में कोई नहीं है तो गाली गलौज करने लगा। अन्य परिजन जागे तो पुलिस सभी के साथ धक्का मुक्की करने लगे और अमानवीय व्यवहार किया गया है जिसका वीडियो भी बनाया है। वीडियो में आप देख सकते हैं कि पुलिसकर्मी गाली गलौज और धक्का मुक्की कर रहे हैं। इस घटना से व्यवसायी महासंघ आक्रोशित हैं और काफी संख्या में व्यवसाईयों ने एसपी ऑफिस पर पहुंचकर इसका विरोध जताया है। व्यवसाईयों ने कहा कि रतनपुर थाना अध्यक्ष और पुलिस कर्मियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए, आरोप यह भी है कि शराब के नशे में सभी पुलिसकर्मी थे। इस परिवार में ना तो किसी पर कोई मुकदमा है और ना जिस व्यक्ति को पुलिस खोज रही थी उस व्यक्ति का उसे मकान में कोई रहता है ऐसे में एक प्रतिष्ठित व्यवसायी के घर में घुसकर पुलिस ने सभी के साथ धक्का मुक्की की और गाली गलौज किया है, यह कहीं से भी सही नहीं है। इसलिए एसपी से मिलकर व्यवसाईयों ने दोषी पुलिसकर्मी पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है और कार्रवाई नहीं होने पर व्यवसाईयों ने उग्र आंदोलन की धमकी दी है।
बाइट- आशा देवी, पीड़िता
बाइट- अखिलेश सिंह, अध्यक्ष जिला व्यवसाई महासंघ बेगूसराय




