रिपोर्ट – विक्रम कुमार!
जिलाधिकारी द्वारा बाढ़ पूर्व तैयारी के निरीक्षण के क्रम में सिसवा, अग्रहण एवं मदुरा का भ्रमण कर कटाव का लिया जायजा, बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल 2 को आज से ही कटाव निरोधी कार्य कराने हेतु निर्देश, स्थानीय लोगों से भी जिलाधिकारी ने फीडबैक लिया
आज दिनांक 08.07.23 को जिलाधिकारी श्री अमित कुमार पांडेय बाढ़ पूर्व तैयारी के निरीक्षण के क्रम में चौथम प्रखंड के सरसवां पंचायत के सिसवा गांव में कोसी नदी से हुए कटाव का जायजा लेने के लिए पहुंचे। जिलाधिकारी द्वारा निरीक्षण के दौरान अपर समाहर्ता मोहम्मद राशिद आलम, उप विकास आयुक्त श्री संतोष कुमार, अंचलाधिकारी चौथा सुश्री प्रज्ञा नयनम, आपदा सलाहकार श्री प्रदीप कुमार सिंह आदि भी उपस्थित थे।
जिलाधिकारी ने वरीय पदाधिकारियों के दल के साथ नवादा घाट से नाव के जरिए बागमती नदी पार किया और फिर 8 किलोमीटर दूरी तय करके सिसवा पहुंचे। नाव से ही उन्होंने ठुट्ठी मोहनपुर पंचायत के अग्रहण में कराए जा रहे बाढ़ निरोधक कार्यों का भी जायजा लिया। कार्यपालक अभियंता, बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल 2 श्री गणेश प्रसाद ने जानकारी दी कि अग्रहण में पिछले वर्ष भी कार्य कराया गया था और इस वर्ष भी आवश्यकतानुसार कटाव निरोधक कार्य किया जा रहा है।
सिसवा में कोसी नदी से हुए कटाव का निरीक्षण कर जिलाधिकारी ने कार्यपालक अभियंता को आज से ही कटाव निरोधी कार्य प्रारंभ करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिस स्थल पर भी जरूरी हो, वहां काम तराना प्रारंभ करें तथा अक्टूबर माह तक कटाव निरोधक कार्य हेतु लगातार सजग रहें।

जिलाधिकारी ने सिसवा में स्थानीय ग्रामीणों से भी बातचीत कर उनका फीडबैक लिया। वहां सामुदायिक भवन एवं सड़क पर कटाव का खतरा मंडरा रहा है। कार्यपालक अभियंता बाढ़ नियंत्रण प्रमंडल दो ने बताया कि समस्तीपुर जून के विभागीय अध्यक्ष ने इस स्थल का दौरा किया है और व्हाट संघर्ष संघर्षात्मक कार्य स्वीकृति के लिए चीफ इंजीनियर को भी अनुरोध पत्र भेजा गया है। जिलाधिकारी के निर्देश पर सिसवा में बाढ़ संघर्षात्मक कार्य तत्काल प्रारंभ हुआ एवं स्लोप कटिंग के साथ बंबू रोल के माध्यम से कटाव को रोकने का प्रयास शुरू किया गया है।
इसके बाद जिलाधिकारी ने खगड़िया प्रखंड के उत्तर मारड़ पंचायत के मदुरा गांव का निरीक्षण किया, जहां बागमती नदी से कटाव के चलते कुछ लोगों के घर प्रभावित हो रहे हैं। कटाव से लगभग 30-35 परिवार प्रभावित हो सकते हैं। जिलाधिकारी ने इन परिवारों की सूची एवं इनके घर का जीपीएस फोटोग्राफ लेने का निर्देश देते हुए कहा कि कटाव से प्रभावित जो भूमिहीन परिवार हैं, उन्हें आवास भूमि देकर बसाया जाएगा। जिनके घर कटाव से प्रभावित होंगे उनको गृह-क्षति का लाभ दिया जाएगा।
जिलाधिकारी के निर्देश पर मदुरा में कल से 220 मीटर लंबे स्ट्रेच में कटाव निरोधक कार्य प्रारंभ किया जाएगा, जहां कटाव से आबादी को खतरा है।
कार्यपालक अभियंता ने बताया कि मदुरा में 15- 15 मीटर अंतराल पर बालू भरे बोरे से टीथ अर्थात ठोकर बनाया जाएगा।
निरीक्षण के क्रम में यह बात सामने आई कि नदियों के जलस्तर में कमी आनी शुरू हो गई है, जिससे कटाव में कमी हुई है। जिलाधिकारी ने दोनों अनुमंडलों के वरीय प्रभारी पदाधिकारियों को नियमित तौर पर कटाव के बारे में जानकारी प्राप्त करने और इस पर तुरंत आवश्यक कार्रवाई करने का भी निर्देश दिया।




