रिपोर्ट:- संतोष चौहान
सुपौल :- इस वर्ष के द्वितीय राष्ट्रीय लोक अदालत का विधिवत उद्घाटन व्यवहार न्यायालय सुपौल के प्रांगण में शनिवार को किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। कार्यक्रम के उद्घाटन समारोह में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार सुपौल, अनंत सिंह, परिवार न्यायालय सुपौल के प्रधान न्यायाधीश राहुल उपाध्याय, विशिष्ठ अतिथि के रूप में गजनफर हैदर, चेयरमैन राज्य यातायात अपीलीय प्राधिकार, जिलाधिकारी सुपौल सह उपाध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकार सुपौल सावन कुमार, पुलिस अधीक्षक सुपौल शरथ आर. एस. , जिला विधिक संघ के अध्यक्ष नागेंद्र ठाकुर, सचिव दीपनारायण भारती एवं अन्य न्यायिक पदाधिकारीगण , अधिवक्तागण, मीडियाकर्मी, पक्षधर एवं अन्य हितधारक मौजूद थे। राष्ट्रीय लोक अदालत के अवसर पर सुपौल न्यायमंडल में कुल 21 बैंचों का गठन किया गया था, जिसमें सुपौल व्यवहार न्यायालय में 12 बैंच तथा अनुमंडलीय व्यवहार न्यायालय वीरपुर में 5 बैंच का गठन किया गया एवं ट्रैफिक चालान के लिए विशेष रूप से 4 बैंचों का गठन किया गया । ट्रैफिक पक्षकार के सुलभता एवं सहयोग के लिए कुल 3 हेल्प डेस्क बनाए गए। जिला विधिक सेवा प्राधिकार सुपौल के सचिव मोहम्मद अजफल आलम ने बताया कि वैसे मामले जो व्यवहार न्यायालय में लंबित है, का आपराधिक वादों का दोनों पक्षों के सुलह समझौते के आधार पर निष्पादन किया गया जबकि टेलीफोन, बैंक, वित्तीय संस्थानों , ट्रैफिक चालान , वैवाहिक से संबंधित मामलों , एवं अन्य मामलों का निष्पादन किया गया। इस प्रकार प्री -लिटिगेशन बैंक ऋण संबंधी वादों में 481 मामलों का निष्पादन हुआ जिसमें कुल ₹- 2,24,26,574 राशि पर समझौता हुआ एवं अन्य मामले जिसमे 298 मामले का निष्पादन किया गया। तथा पोस्ट-लिटिगेशन मामलों में कुल – 615 वादों का निष्पादन हुआ जिसमें कुल समझौता राशि 35,53,000/- रुपए का हुआ इस प्रकार सुपौल न्यायमंडल में प्री-लिटिगेशन एवं पोस्ट-लिटिगेशन में कुल 1394 वादों का निष्पादन किया गया जिसमें कुल समझौता राशि 2,59,79,574 रुपए का हुआ। मोटर दुर्घटना दावा में 4 वादों का निष्पादन हुआ, जिसमें 19 लाख 50 हज़ार रुपए की मुआवज़ा राशि पीड़ित को दी गई। विद्युत अधिनियम के तहत दर्ज कुल 92 वादों का निष्पादन हुआ, एन आई एक्ट से संबंधित मामलों में कुल 02 वादों का निष्पादन हुआ, जिसमे ₹ 4,70,000 की राशि पर समझौता हुआ, तथा ट्रैफिक चालान के मामलों में 350 से अधिक मामले का निष्पादन हुआ जिसमें 4,82,000 राशि की वसूली की गई। उन्होंने यह भी बताया कि ट्रैफिक चालान से संबंधित मामलों के निपटारे के लिए व्यवहार न्यायालय सुपौल के निकट टाउन हॉल में विशेष रूप से व्यवस्था की गई जिससे संबंधित मामलों का सुगमतापूर्वक निष्पादन हो सके। इस लोक अदालत में ट्रैफिक चालान तथा वित्तीय संस्थानों के पक्षकारों ने बढ़- चढ़कर सम्मिलित होकर अपने -अपने मामलों का सौहार्द पूर्वक निष्पादन कराया।




