सरस्वती पूजा- शरारती तत्वों पर पुलिस की रहेंगी पैनी नजर, अश्लील गीतों पर रहेगा बैन!

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रिपोर्ट– राजीव कुमार झा!

सरस्वती पूजा को लेकर शांति समिति की बैठक, हुड़दंग करने वालों की खैर नहीं_ अनुमंडल प्रशासन

अश्लील या भड़काऊ गाने बजाने पर होगी सख्त कार्रवाई, बिना लाइसेंस के पूजा करने वाले समिति विरुद्ध एफआईआर

शरारती तत्वों पर पुलिस की रहेंगी पैनी नजर, अश्लील गीतों पर रहेगा बैन

मधुबनी जिले के जयनगरअनुमंडल मुख्यालय में आगामी सरस्वती पूजा को लेकर शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से जयनगर थाना परिसर में शांति समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक की संयुक्त अध्यक्षता प्रखंड विकास पदाधिकारी (बीडीओ) राजीव कुमार रंजन और सर्किल इंस्पेक्टर संजय कुमार सिंह ने की। बैठक में अनुमंडल क्षेत्र के सभी प्रशासनिक पुलिस पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि, प्रबुद्धजन, सामाजिक कार्यकर्ता, पूजा समितियां एवं शैक्षणिक संस्थानों के प्रतिनिधि बड़ी संख्या में शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य सरस्वती पूजा के दौरान विधि-व्यवस्था सुनिश्चित करना, अव्यवस्था अफवाह असामाजिक गतिविधियों पर रोक लगाना तथा जिला प्रशासन के दिशा- निर्देशों का कड़ाई से पालन कराना था। बैठक मे पदाधिकारी द्वारा सुरक्षा व्यवस्था, लाइसेंस अनिवार्यता, डीजे पर पूर्ण प्रतिबंध, लाउडस्पीकर नियम, बैरिकेडिंग, सीसीटीवी, विसर्जन रूट और आपदा प्रबंधन जैसे मुद्दों पर विस्तार से विचार- विमर्श किया गया। तो वहीं, बीडीओ राजीव कुमार रंजन ने कहा कि सरस्वती पूजा ज्ञान, अनुशासन एवं सद्भाव का प्रतीक है, जिसे सभी मिल जुलकर गरिमापूर्ण वातावरण में मनाएं। उन्होंने पूजा समितियों से प्रशासन के साथ समन्वय बनाए रखने और प्रशासन द्वारा दिए गए निर्देशों का पालन करने की अपील की। आगे स्पष्ट संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि पूजा पंडालों में म्यूजिक सिस्टम या डीजे पर पूर्ण रोक रहेगा। केवल निर्धारित डेसिबल के स्तर पर लाउडस्पीकर की अनुमति होगी। अश्लील, भड़काऊ या आपत्तिजनक गाने बजाने पर कड़ी कानूनी कार्रवाई होगी। प्रशासन का उद्देश्य त्योहार को सुरक्षित बनाना है, जिसमें जन प्रतिनिधियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। उन्होंने पंचायतों के मुखिया सहित नगर पंचायत प्रशासन एवं आयोजकों को जागरूक करने को कहा गया हैं। वहीं, थानाध्यक्ष अमित कुमार ने भी दिशा- निर्देशों की जानकारी देते हुए बताया कि सार्वजनिक पूजा पंडालों के लिए लाइसेंस अनिवार्य है। बिना लाइसेंस पूजा या जुलूस पर एफआईआर तक की कार्रवाई होगी। डीजे जब्त होगा और संबंधित समिति पर मुकदमा चलेगा। हार्ट पेशेंट, बुजुर्गों व बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए तेज ध्वनि पर रोक है। रात 10 बजे बाद लाउडस्पीकर प्रतिबंधित रहेगा। शरारती तत्वों पर पुलिस की कड़ी नजर रहेगी। हुड़दंग, नशाखोरी या शांति भंग करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। डायल 112 की टीमें गश्त करती रहेंगी, साथ ही संवेदनशील स्थानों पर अतिरिक्त पुलिस बल को तैनात किया जाएगा। प्रमुख पंडालों पर बैरिकेडिंग व सीसीटीवी लगेंगे। विसर्जन निर्धारित रूट पर ही होगा, अफवाहों पर ध्यान न दें तथा संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत स्थानीय थाने देने की बात कहीं गई। तो वहीं, सर्किल इंस्पेक्टर संजय कुमार सिंह ने लाइसेंस आवेदकों को निर्देश दिए है कि, विसर्जन स्थलों पर एसडीआरएफ की भी तैनात रहेगी। 24 फरवरी तक सभी मूर्ति विसर्जन पूरे होंगे, सेक्टर पदाधिकारी निगरानी करेंगे। जन प्रतिनिधियों व कार्यकर्ताओं ने प्रशासन को सहयोग का भरोसा दिलाते हुए शांतिपूर्ण पूजा पूर्ण करने का संकल्प लिया। इस बैठक में विधायक प्रतिनिधि उद्धव कुंवर सिंह, भाकपा-माले के प्रखंड सचिव भूषण सिंह, कांग्रेस अध्यक्ष गुड्डू साह, अनिरुद्ध ठाकुर, धीरेन्द्र झा, मुखिया रामदास हाजरा, सरोज कुमार, पवन यादव सहित अन्य उपस्थित रहे। बैठक के अंत में बीडीओ राजीव कुमार रंजन ने सभी लोगों को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि प्रशासन सतर्क है और आप सभी लोगों के सहयोग से त्योहार को सफल करने के लिए कृत संकल्पित है।

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