रिपोर्टर — राजीव कुमार झा
जिलाधिकारी आनंद शर्मा की अध्यक्षता में जिला स्तरीय सभी विभागों के वरीय पदाधिकारियों के साथ अंतर विभागीय समन्वय एवं कार्यालय गतिविधियों की
साप्ताहिक समीक्षा बैठक हुई आयोजित
जिलाधिकारी ने अंतर्विभागीय समस्याओं को लेकर विभागवार एवं योजनावार किया गया विस्तृत समीक्षा के क्रम में दिए कई निर्देश
माननीय उच्च न्यायालय में लंबित मामलों को सर्वोच्च प्राथमिकता में रखकर कार्य करने का निर्देश, इसमें थोड़ी भी शिथिलता एवं लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी, जवाबदेही तय कर होगी कार्रवाई
जिलाधिकारी आनंद शर्मा की अध्यक्षता में डीआरडीए मधुबनी के सभाकक्ष में सभी विभागों के वरीय पदाधिकारियों के साथ अंतर विभागीय समन्वय एवं कार्यालय गतिविधियों की साप्ताहिक समीक्षा बैठक आयोजित हुई। जिलाधिकारी ने ग्रामीण कार्य विभाग,नहर प्रमंडल,लघु सिंचाई,स्थानीय क्षेत्र अभियंत्रण संगठन,बाढ़ प्रमंडल आदि विभागों द्वारा भू अर्जन, कार्यालयों एवं योजनाओं के लिए भूमि की उपलब्धता,भूमि अतिक्रमण,सीमांकन, एनओसी आदि मामलों को अविलंब समाधान का निर्देश दिया।जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को स्पष्ट शब्दों में निर्देश दिया कि अंतर्विभागीय मामलों का अविलंब समाधान करे ताकि विकास कार्यों को तेज गति प्रदान की जा सके। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित विभाग भूमि की उपलब्धता,भू-अर्जन आदि मामलों को सीधे मधुबनी फर्स्ट पोर्टल पर डाले ताकि एडीएम राजस्व द्वारा उसपर त्वरित करवाई करते हुए उसका समाधान किया जा सके। विभागीय कार्यवाही के मामलों की समीक्षा के क्रम निर्देश दिया कि निर्धारित अवधि में ही ससमय इसे पूर्ण करे।संचालन पदाधिकारी निर्धारित अवधि के अंदर अपनी रिपोर्ट देना सुनिश्चित करे।
जिलाधिकारी द्वारा इसके अतिरिक्त जिला नीलाम पत्र वाद, जिला स्तरीय जनता दरबार में प्राप्त आवेदन, सी. पी. ग्राम, जनता के दरबार में मुख्यमंत्री कार्यक्रम में प्राप्त आवेदनों, माननीय उच्च न्यायालय में चल रहे मामलों, सूचना का अधिकार, मानवाधिकार आदि से संबंधित मामलों की बारी बारी से समीक्षा की गई। जिलाधिकारी द्वारा मधुबनी जिला अंतर्गत नीलाम पत्र वादों से संबंधित 10 बड़े बकायेदारों के मामलों का विशेष समीक्षा किया गया एवं संबंधित अधिकारियों को कई आवश्यक दिशा निर्देश दिए गए।जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियो को नीलामपत्र के मामलों विशेषकर बड़े बकायेदारों के लंबित मामलों को सर्वोच्च प्राथमिकता में रखकर तेजी से निष्पादन करने का निर्देश दिया। उन्होंने निर्देश दिया कि सभी नीलाम पत्र पदाधिकारी बड़े राशि वाले कम से कम पाँच मामले का चयन कर उसका निष्पादन करे। नीलाम पत्र वादों में वारंट निर्गत करने से पहले यह सुनिश्चित कर ले की बकायादारों को बकाया राशि भुगतान करने हेतु निर्गत डिमांड नोटिस का निश्चित रूप से तमिल हो गया हो। उन्होंने कहा कि निर्गत वारंट के आलोक में तेजी से त्वरित कार्रवाई हो इसे सुनिश्चित करे सेवांत लाभ की समीक्षा के क्रम में ससमय सेवांत लाभ उपलब्ध करवाने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि सभी विभागों के पदाधिकारी यह सुनिश्चित करें कि रिटायर होने वाले कर्मियों से 6 माह पूर्व से ही उनके सेवांत लाभ से संबधित भुगतान के लिए प्रस्ताव स्वीकृति हेतु सक्षम प्राधिकार को भेज दें ताकि सेवा निवृत्ति के दिन ही उन्हें सभी प्रकार के सेवांत लाभों को दिया जा सके। मुख्यमंत्री जनता दरबार एवं जिला स्तरीय जनता दरबार में प्राप्त आवेदनों की निष्पादन की समीक्षा के क्रम में पुलिस, राजस्व,शिक्षा एवं आईसीडीएस में सबसे अधिक आवेदन लंबित पाए गए। जिलाधिकारी ने उपस्थित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि जन शिकायतों को सर्वोच्च प्राथमिकता के साथ समय से निष्पादन करना सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि माननीय उच्च न्यायालय में लंबित मामलों को सर्वोच्च प्राथमिकता में रखकर कार्य करे। इसमें थोड़ी भी शिथिलता या लापरवाही बरदाश्त नही की जाएगी।उन्होंने कहा कि अनावश्यक रूप से लंबित रखने वाले पदाधिकारी को स्पष्टीकरण करे। जिलाधिकारी ने सभी विभागों को एक सप्ताह के अंदर प्रगति लाने का निर्देश दिया। समीक्षा के क्रम शिक्षा,भू अर्जन कार्यालय ,पुलिस विभाग में सबसे अधिक मामले लंबित पाए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि जिले के सभी कार्यालयों में पत्राचार केवल ई औफिस प्रणाली के माध्यम से ही करे। किसी भी हाल में डाक या ईमेल से पत्र भेजने की अनुमति नहीं है। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी एवं कार्यालय प्रधान इसे पूरी गंभीरता से लेकर इसका अचूक रूप से अनुपालन करना सुनिश्चित करेंगे।उन्होंने कहा कि आदेश की अवहेलना करने वाले पदाधिकारियों/कर्मियों पर बिहार सरकारी सेवक आचरण नियमावली के तहत कार्रवाई भी की जा सकती है। इसके अतिरिक्त जिलाधिकारी द्वारा सामाजिक सुरक्षा कोषांग से संबंधित राष्ट्रीय पारिवारिक लाभ योजना,कबीर अंत्येष्टि योजना आदि का भी विस्तृत समीक्षा किय गया। जिलाधिकारी ने हर घर नल का जल योजना के तहत पीएचइडी एवं पंचायती राज द्वारा छूटे हुए वार्डो के लिए नए जलापूर्ति योजना की प्रगति का समीक्षा किया एवं कई आवश्यक निर्देश दिए। पंचायत सरकार भवन,कब्रिस्तान घेराबंदी,महादलित विकास योजना ,मंदिर घेराबंदी आदि का भी समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को कई आवश्यक दिशा निर्देश दिए।
बैठक में डीडीसी, सुमन प्रसाद साह, एडीएम मुकेश रंजन झा, एडीएम आपदा संतोष कुमार,नगर आयुक्त मधुबनी उमेश भारती, जिला लोक शिकायत निवारण पदाधिकारी राजेश कुमार सिंह, जिला कृषि पदाधिकारी,जिला पशुपालन पदाधिकारी सहित सभी विभागों के जिला स्तरीय पदाधिकारी आदि उपस्थित थे।




