रिपोर्टर शुभम सिन्हा!
आरा शहर के एक निजी होटल में मारुति संस्कृत शोध संस्थान के तत्वावधान में पंडित व्रजभूषण मिश्र आक्रांत जी की 96वीं जयंती एवं स्मृतिग्रंथ विमोचन समारोह धूमधाम से सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन एवं हनुमंत वंदना से हुई।
समारोह की अध्यक्षता प्रो. महेश सिंह ने की। जबकि मुख्य अतिथि प्रो. नंद जी दूबे थे। इस अवसर पर प्रो. गौरीशंकर तिवारी, सुरेन्द्र सिंह, अरविंद मिश्रा, शशि रंजन मिश्रा समेत कई विद्वान उपस्थित रहे। अतिथियों ने आक्रांत जी के शिक्षण, पत्र संपादन, संस्कृत शिक्षा में नवाचार और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान पर प्रकाश डाला।
नंद जी दूबे ने उन्हें राष्ट्र निर्माता बताते हुए कहा कि “आचार्य केवल पढ़ाते नहीं, बल्कि राष्ट्र को गढ़ते हैं।” इस मौके पर आक्रांत जी के अव्यवसायिक आलेखों को संकलित स्मृतिग्रंथ का विमोचन हुआ। उनके पौत्र शशि रंजन मिश्रा ने बताया कि पहले चरण में 300 प्रतियां निःशुल्क साहित्यप्रेमियों और पुस्तकालयों में वितरित की जाएंगी।




