संवाददाता :- विकास कुमार
सरकार के द्वारा आम लोगों को स्वच्छ पेयजल मुहैया कराने के लिए करोड़ों की राशि खर्च की जाती है लेकिन आम लोगों को इसका लाभ धरातल नही मिल पाता है, कुछ ऐसा ही हाल है सहरसा जिले के शहरी क्षेत्र का जहां स्वस्छ पेयजल नल जल योजना के लिए जगह जगह लगाए गए नलके और जलमीनार लोगों को मुंह चिढा रहा है. दरअशल सहरसा के शहरी क्षेत्रों में वुडको के द्वारा करोड़ो की राशि खर्च करके लोगों को स्वच्छ पेयजल पहुंचाने का दावा किया जा रहा है लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही है. शहर के वीर कुंवर सिंह चौक, महिला कॉलेज रोड, गर्ल्स हाई स्कूल रोड, सदर अस्पताल रोड, एसपी कार्यालय रोड, जिया समाहरणालय रोड सहित कई जगहों पर लगाए गए नलके पिछले दो वर्षों से बंद पड़ा हुआ है जिससे गर्मी में राहगीरों को इन नलकों से स्वच्छ पेयजल नसीब हो पा रहा है, और यह मात्र दिखावा साबित हो रहा है, आम लोगों का कहना है कि जब शहरी इलाकों में स्वच्छ पेयजल नल जल योजना का यह हाल है तो ग्रामीण इलाकों की बात छोड़ दीजिए सबसे बड़ी बात है कि जिला मुख्यालय में लगे हुए इन नलकों से लोगों को कोई लाभ नही मिल पा रहा है जबकि सरकार के द्वारा करोड़ो की राशि खर्च की जाती है.
BYTE :- स्थानीय लोग संजय सिंह।
BYTE :- ग्रामीण मोहम्मद खुर्शीद आलम।
BYTE :- स्थानीय युवक केशव राज सोनी।




