भागलपुर से धीरज शर्मा की रिपोर्ट

जहां एक तरफ भागलपुर को स्मार्ट सिटी का तमगा मिल गया है, लेकिन स्मार्ट सिटी के तहत शहर में विकास नहीं हो पाया है, जहां स्थिति बद से बदतर होती जा रही है। हम बात करें भागलपुर के प्राइवेट बस स्टैंड की जहां से अंतर राज्य गाड़ियों का परिचालन होता है। लेकिन बस स्टैंड पर सुविधा नगण्य है। यहां आने वाले हजारों महिला पुरुष यात्रियों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इस बस स्टैंड पर ना तो यात्री शेड है, ना पीने का पानी उपलब्ध है, और ना ही शौचालय की कोई व्यवस्था है। इसी बाबत को लेकर शुक्रवार को प्राइवेट बस स्टैंड के कर्मियों ने आज बैठक की और नारेबाजी करते हुए विरोध प्रदर्शन किया। वही इस संबंध में जिला मोटर मजदूर संघ के अध्यक्ष हरि प्रकाश उपाध्याय ने बताया कि जब से इस बस स्टैंड को रेलवे प्रशासन ने अपने अंडर में लिया है तब से इसकी स्थिति काफी दयनीय हो गई है और सुविधा के नाम पर रेलवे की ओर से हम लोगों से पैसा लिया जा रहा है, लेकिन कोई भी सुविधा उपलब्ध नहीं करा रही है। जहां चारों ओर गंदगी फैली रहती है और जलजमाव भी रहता है। जिससे यात्रियों को काफी परेशानी होती है। हम लोगों ने रेलवे प्रशासन, जिला प्रशासन यहां तक कि मुख्यमंत्री को भी आवेदन देकर ध्यान आकृष्ट करने का प्रयास किया लेकिन कोई भी फायदा नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि यदि मेरी मांगों को नहीं माना गया हम लोग आंदोलन करने के लिए बाध्य हो जाएंगे।




