रिपोर्टर — राजीव कुमार झा!
95 लाख सभी परिवारों को रोजगार के लिए 2 लाख रुपया दे सरकार! – धीरेन्द्र झाभाकपा-माले के सैकड़ों कार्यकर्ताओं नें मधुबनी जिले के लौकही प्रखंड मुख्यालय पर हाथों में लाल झंडा लिए मुट्ठी तानकर जमकर मोदी-नीतीश की तानाशाही व गरीब विरोधी नीतियों के खिलाफ आक्रोशपूर्ण मार्च करते हुए ब्लॉक कार्यालय का घेराव कर जोरदार नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। मार्च और प्रदर्शन का नेतृत्व भाकपा माले पोलित ब्यूरो सदस्य धीरेन्द्र झा, मधुबनी जिला सचिव धुर्व नारायण कर्ण, दरभंगा जिला सचिव बैद्यनाथ यादव, आइसा नेता मयंक यादव, दरभंगा भाकपा माले जिला कमिटी सदस्य जमाल कर रहें थे।
घेराव के दौरान भाकपा माले कार्यकर्ताओं नें हक दो- वादा निभाओ अभियान के तहत 95 लाख महा-गरीब परिवारों को 2 लाख रुपये की सहायता राशि के लिए 72 हजार रुपया से कम का आय प्रमाण-पत्र बनाओ,भूमिहीन परिवारों को 5 डिसमिल आवासीय जमीन दो, सबको पक्का मकान व 200 यूनिट मुफ्त बिजली देने, मनरेगा में लूट-खसोट व फर्जी निकासी पर रोक लगाने,मजदूरों को 200 दिन काम व 600 रूपये दैनिक मजदूरी देने,आँगनवाड़ी व राशन- किरासन वितरण में गड़बड़ी पर रोक लगाओ जैसे नारों के साथ उक्त मांगो को रखा। सभा का अध्यक्षयता प्रखंड संयोजक नवल किशोर यादव नें किया।
वहीं सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले के पोलित ब्यूरो सदस्य धीरेन्द्र झा नें नीतीश सरकार पर जमकर निशाना साधते हुए कहां कि गरीबों का खून चूसने वाली स्मार्ट मीटर का फरमान अविलम्ब राज्य सरकार वापस ले। ज़ब महागठबंधन की सरकार थी तो जातीय जनगणना कराया गया। जिसमें पाया गया कि राज्य 95 लाख परिवार यानी 34 प्रतिशत लोग बेहद गरीब हैं। जिनको सरकार ने 2 लाख रुपया रोजगार के लिए देने का वादा किया। हमारी पार्टी की मांग है कि सभी गरीबों को 72 हजार से कम का आय प्रमाण पत्र निर्गत किया जाए। दूसरी तरफ सरकार ने 2022 तक सभी गरीबों को पक्का मकान देने और भूमिहीनों को जमीन देने का वादा किया था। लेकिन आज लाखों गरीब आवास विहीन हैं और जमीन के अभाव में झाड़ियों में रहने को मजबूर हैं। इस लिए हमारी मांग है सभी गरीबों को रोजगार, आवास, भूमिहीनों को जमीन उपलब्ध कराएं।
वही प्रदर्शन के दौरान जनता नें उक्त मांगों को लेकर 900 फॉर्म बीडीओ व सीओ को सौंपा। प्रदर्शन के दौरान मधुबनी भाकपा माले जिला कमिटी सदस्य जोगनाथ मंडल, लाल राम, रामलखन यादव, जीवकी देवी, गौरी शंकर मंडल, शिवकुमार मंडल, गणेश कुमार मंडल, देवनारायण राम, सनोज कुमार मंडल, गंगा प्रसाद चौपाल, वीणा देवी, फूलो देवी, राम आवतार पासवान सहित सैकड़ों लोग शामिल थे।
भाकपा-माले के सैकड़ों कार्यकर्ताओं नें मधुबनी जिले के लौकही प्रखंड मुख्यालय पर हाथों में लाल झंडा लिए मुट्ठी तानकर जमकर मोदी-नीतीश की तानाशाही व गरीब विरोधी नीतियों के खिलाफ आक्रोशपूर्ण मार्च करते हुए ब्लॉक कार्यालय का घेराव कर जोरदार नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। मार्च और प्रदर्शन का नेतृत्व भाकपा माले पोलित ब्यूरो सदस्य धीरेन्द्र झा, मधुबनी जिला सचिव धुर्व नारायण कर्ण, दरभंगा जिला सचिव बैद्यनाथ यादव, आइसा नेता मयंक यादव, दरभंगा भाकपा माले जिला कमिटी सदस्य जमाल कर रहें थे।
घेराव के दौरान भाकपा माले कार्यकर्ताओं नें हक दो- वादा निभाओ अभियान के तहत 95 लाख महा-गरीब परिवारों को 2 लाख रुपये की सहायता राशि के लिए 72 हजार रुपया से कम का आय प्रमाण-पत्र बनाओ,भूमिहीन परिवारों को 5 डिसमिल आवासीय जमीन दो, सबको पक्का मकान व 200 यूनिट मुफ्त बिजली देने, मनरेगा में लूट-खसोट व फर्जी निकासी पर रोक लगाने,मजदूरों को 200 दिन काम व 600 रूपये दैनिक मजदूरी देने,आँगनवाड़ी व राशन- किरासन वितरण में गड़बड़ी पर रोक लगाओ जैसे नारों के साथ उक्त मांगो को रखा। सभा का अध्यक्षयता प्रखंड संयोजक नवल किशोर यादव नें किया।
वहीं सभा को संबोधित करते हुए भाकपा माले के पोलित ब्यूरो सदस्य धीरेन्द्र झा नें नीतीश सरकार पर जमकर निशाना साधते हुए कहां कि गरीबों का खून चूसने वाली स्मार्ट मीटर का फरमान अविलम्ब राज्य सरकार वापस ले। ज़ब महागठबंधन की सरकार थी तो जातीय जनगणना कराया गया। जिसमें पाया गया कि राज्य 95 लाख परिवार यानी 34 प्रतिशत लोग बेहद गरीब हैं। जिनको सरकार ने 2 लाख रुपया रोजगार के लिए देने का वादा किया। हमारी पार्टी की मांग है कि सभी गरीबों को 72 हजार से कम का आय प्रमाण पत्र निर्गत किया जाए। दूसरी तरफ सरकार ने 2022 तक सभी गरीबों को पक्का मकान देने और भूमिहीनों को जमीन देने का वादा किया था। लेकिन आज लाखों गरीब आवास विहीन हैं और जमीन के अभाव में झाड़ियों में रहने को मजबूर हैं। इस लिए हमारी मांग है सभी गरीबों को रोजगार, आवास, भूमिहीनों को जमीन उपलब्ध कराएं।
वही प्रदर्शन के दौरान जनता नें उक्त मांगों को लेकर 900 फॉर्म बीडीओ व सीओ को सौंपा। प्रदर्शन के दौरान मधुबनी भाकपा माले जिला कमिटी सदस्य जोगनाथ मंडल, लाल राम, रामलखन यादव, जीवकी देवी, गौरी शंकर मंडल, शिवकुमार मंडल, गणेश कुमार मंडल, देवनारायण राम, सनोज कुमार मंडल, गंगा प्रसाद चौपाल, वीणा देवी, फूलो देवी, राम आवतार पासवान सहित सैकड़ों लोग शामिल थे।




