बक्सर से धीरज कि रिर्पोट
- बक्सर के सदर अस्पताल में भर्ती कराई गई थी चौसा निवासी महिला
- बीती रात से ही पुलिस के पहुंचने का इंतजार कर रहे अस्पताल प्रबंधन के लोग बक्सर : जिले के चौसा निवासी एक महिला की सदर अस्पताल में मौत के बाद लगभग 24 घंटे बाद भी ना तो परिजन और ना ही पुलिस शव अस्पताल से हटा सकी है. ऐसे में महिला के मृत शरीर से अब तेज दुर्गंध भी आने लगी है और इसी दुर्गंध के बीच चिकित्सक दूसरे मरीजों का इलाज करने को मजबूर हैं जबकि मरीजों के स्वजन दुर्गंध के बीच खड़े होकर व्यवस्था को कोसते नजर आ रहे हैं. अस्पताल के प्रशासनिक सूत्र बताते हैं कि महिला का शव मंगलवार की रात से ही अस्पताल में पड़ा है. कई बार पुलिस को सूचना दी गई लेकिन अब तक पुलिस भी नहीं पहुंची है समस्या यह है कि जिन परिस्थितियों में महिला के परिजन शव को छोड़कर भागे हैं ऐसे में बिना कागजी कार्रवाई के उसे हटाना भी विधि सम्मत नहीं है.
मामले में अस्पताल सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक बीती रात तकरीबन 11:00 बजे चौसा निवासी संतोष कुमार अपनी पत्नी 30 वर्षीय संतोषी कुमारी को लेकर पहुंचे हुए थे. चिकित्सकों ने कुछ नहीं देर में संतोषी को मृत घोषित कर दिया लेकिन परिजन शव अस्पताल नहीं छोड़ कर चले गए. ऐसे में मंगलवार रात तक की लगभग 11:15 से लेकर बुधवार की रात लगभग 9:00 बजे तक उसका शव अस्पताल से हटाया नहीं जा सका है, जबकि ऑन ड्यूटी चिकित्सक के साथ ही अस्पताल प्रबंधन के द्वारा भी नगर थाने के की पुलिस को कई बार सूचना दी गई. खास बात यह है कि नगर थाने के सब इंस्पेक्टर संजय विकास त्रिपाठी ने संदर्भ में अस्पताल प्रबंधन से जुड़े लोगों से बातचीत भी की, लेकिन शव को हटाने की दिशा में कोई पहल नहीं की गई.
अस्पताल में मौजूद एंबुलेंस चालक आल्हा ने बताया कि वह सुबह से शव पड़ा हुआ देख रहे हैं. दुर्गंध से मरीजों तथा अस्पताल कर्मियों को काफी परेशानी हो रही है लेकिन अब तक शव को हटाने का कोई प्रबंध नहीं किया गया.
बाईट-अल्हा ऐम्बुलेस चालक




