ओपन नेटवर्क डिजिटल कॉमर्स होगा देश के ई कॉमर्स व्यापार में सरकार का गुगली मारने वाला कदम!

SHARE:

:- रागिनी शर्मा !

केंद्रीय वाणिज्य मंत्रालय के डीपीआइआइटी विभाग द्वारा हाल ही में ओपन नेटवर्क डिजिटल कॉमर्स प्लेटफार्म को लांच किये जाने की घोषणा और उसके लिए एक उच्च अधिकार प्राप्त एडवाइजरी कॉउन्सिल के गठन से देश के ई कॉमर्स व्यापार में भारी और बड़ा बदलाव आएगा जिसके कारण छोटे विक्रेता और उपभोक्ता वर्तमान में बड़ी ई कॉमर्स कंपनियों के बंधक बने हुए हैं, उससे उन्हें छुटकारा मिलेगा ! इस ओपन नेटवर्क पर छोटी से छोटी और बड़ी से बड़ी ई कॉमर्स कंपनियों को व्यापार करने की सुविधा होगी वहीँ ग्राहकों को भी जिस भी कम्पनी से सस्ता और अच्छी क्वालिटी का सामान मिलेगा , को खरीदने की स्वतंत्रता होगी – यह कहते हुए कॉन्फ़ेडरेशन ऑफ़ आल इंडिया ट्रेडर्स (कैट) के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री बी सी भरतिया एवं राष्ट्रीय महामंत्री श्री प्रवीन खंडेलवाल सहित बिहार अध्यक्ष अशोक कुमार वर्मा ने केंद्रीय वाणिज्य मंत्री श्री पियूष गोयल के इस कदम को बेमिसाल बताया और कहा की विदेशी कंपनियों द्वारा ईस्ट इंडिया कम्पनी का नया संस्करण बन कर भारत के ई कॉमर्स बाजार पर कब्ज़ा करने के सभी मंसूबे ध्वस्त होंगे ! एक तरह से यह कदम केंद्र सरकार का गुगली मारने वाला कदम है !

कैट बिहार चेयरमैन कमल नोपानी ने बताया कि श्री प्रवीण खंडेलवाल जो एडवाइजरी कमेटी के सदस्य भी हैं ने बताया की ओपन नेटवर्क अपने नाम के अनुरूप इस विशिष्ट ई -कॉमर्स प्लेटफार्म की खूबियों को दर्शाता है !इस नेटवर्क से जुड़ने का लाभ यह होगा की ई कॉमर्स कंपनियों को देश भर के व्यापारियों एवं ग्राहकों का एक बड़ा बाजार बिना कुछ ज्यादा मेहनत किये मिल सकेगा वहीँ उपभोक्ता भी अपनी मर्ज़ी का सामान इस प्लेटफार्म से जुडी किसी भी कम्पनी के विक्रेता से खरीद सकेंगे ! वर्तमान में जो ग्राहक केवल एक ही पोर्टल से जुड़ा है वो केवल उसी पोर्टल से सामान खरीद सकता है ! किसी और पोर्टल से खरीदने के लिए उसे दूसरे पोर्टल पर जाना पड़ता है जबकि इस नेटवर्क पर वो किसी भी कम्पनी से सामन अथवा सेवा खरीदने के लिए पूरी तरह स्वतंत्र है ! प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी का यह अभिनव एवं विशिष्ट कदम यदि भारत में सफल होता है तो पूर्ण विश्व में ई कॉमर्स व्यापार का ढांचा ही बदल देगा और बड़ी ई कॉमर्स कंपनियों की मनमानी पर लगाम लग सकेगी जबकि छोटे से छोटा व्यापारी भी इस ओपन नेटवर्क का लाभ बेहद आसानी से उठा सकेगा !

कैट प्रदेश के वरिष्ठ उपाध्यक्ष मुकेश नंदन व संयुक्त महासचिव आर सी मल्होत्रा ने कहा की बिहार समेत देश में लगभग 4 हजार से ज्यादा छोटी बड़ी ई कॉमर्स कंपनियां हैं जो ई सिस्टम के माध्यम से ग्राहकों को सामान दे रही हैं वहीँ लगभग 500 से अधिक लॉजिस्टिक कंपनियां हैं जो ई कॉमर्स का सामान विक्रेताओं से लेकर ग्राहकों को तक पहुंचाती हैं ! वहीँ लगभग 20 हजार से ज्यादा ऐसी कंपनियां हैं जो ई कॉमर्स के माध्यम से ट्रेवल, होटल, दवाई, अनेक प्रकार के उपकरण,अस्पताल,ब्यूटी सैलून, हेल्थ क्लब, जिम, रेस्टॉरेंट, खाद्य सामग्री एवं अन्य व्यावसायिक सेवाएं सहित अनेक प्रकार की सेवाएं दे रही हैं ! इसके अलावा लाखों लोग ई कॉमर्स में विभिन्न व्यावसायिक एवं प्रोफेशनल गतिविधियां कर रहे हैं, को अब ई कॉमर्स के लिए बने ड्राफ्ट नियमों के अनुसार अपना पंजीकरण कराना अनिवार्य और होगा और सभी लोगों को ओपन नेटवर्क से जुड़कर अपने व्यापार को बढ़ाने के सारे अवसर समान रूप से मिलेंगे ! देश भर के व्यापारियों एवं उपभोक्ताओं को ई कॉमर्स से जोड़ने का ओपन नेटवर्क सबसे बढ़िया जरिया साबित होगा !

कैट बिहार संरक्षक श्री शशी शेखर रस्तोगी व टी आर गांधी ने कहा की ओपन नेटवर्क प्रोटोकॉल ग्राहकों के लिए कई मायने में लाभदायक साबित होगा। ओपन नेटवर्क में मूल्य पर तकनीक के द्वारा नियंत्रण रखने और एक इंटरऑपरेबल ओपन प्लेटफार्म बनाकर ग्राहक, एप्लिकेशन डेवलपर्स, सरकारें और व्यवसाय करने वाले लोग को फायदा पहुंचाना इस नेटवर्क का लक्ष्य है यह एमएसएमई और छोटे व्यापारियों के लिए जो ई कॉमर्स के जरिये अपने व्यापार को बढ़ाना चाहते हैं, के लिए एक बड़ा वरदान साबित होगा । भारत जैसे विशाल देश में इतने बड़े पैमाने पर डिजिटल कॉमर्स के लिए एक समान अवसर देने के लिए इस प्लेटफार्म का निर्माण केंद्र सरकार की ई कॉमर्स को लेकर चिंताओं को दर्शाता है !

कैट बिहार उपाध्यक्ष अनंत अरोड़ा व सचिव दिलीप कुमार ने आगे कहा कि ऐसे समय में जब वर्तमान समय में ई-कॉमर्स व्यापार में अनैतिक जोड़-तोड़, कानूनों और नियमों का बेतहाशा उल्लंघन ई कॉमर्स की मूल भावना को बड़ी चोट पहुंचा रहा है, ऐसे में सरकार द्वारा ऐसे सभी तत्वों को हटा कर एक शुद्ध ई कॉमर्स व्यापार का जरिया बहुत आवश्यक था ! इस प्लेटफार्म का मुख्य उद्देश्य सरकार की नीतियों एवं नियमों को संरक्षण प्रदान करना है और इसके साथ ही ई कॉमर्स व्यापार में विकास के सभी पहलुओं की निगरानी करना है ! देश भर के व्यापारी कैट ने शीघ्र लांच होने वाले ई कॉमर्स पोर्टल भारत ई मार्किट के जरिये इस ओपन नेटवर्क से जुड़ेंगे !

Join us on:

Leave a Comment