:- रवि शंकर अमित!
बिहार भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता और पूर्व विधायक श्री मनोज शर्मा ने बयान जारी करते हुए कहा कि
विपक्ष के नेता का सदन में ना होना जनता के साथ धोखा – मनोज शर्मा
भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता श्री मनोज शर्मा ने तेजस्वी यादव की यात्रा पर तंज कसते हुए कहा कि सरकार आती है जाती है। गठबंधन बनते हैं बिगड़ते हैं। लेकिन, कुछ चीज राजनीति में तय रहती हैं जो समय के साथ होती है। वैसे ही लोकतंत्र का मंदिर कहे जाने वाले विधानसभा में सत्र आयोजित किया जाता है। इन सत्रों में कई बैठकें होती हैं। जिसमें जो जनप्रतिनिधि जीत कर आते हैं वह अपने क्षेत्र की समस्या को, अपने क्षेत्र की दिक्कतों को, सदन में रखते हैं और उस समस्या को सरकार के तरफ से संबंधित विभाग द्वारा ठीक कराया जाता है।
उन्होंने तेजस्वी यादव को लोकतंत्र की दुहाई देते हुए कहा कि अभी बिहार विधानसभा बजट सत्र चल रहा है। इस बजट सत्र से पहले राजनीतिक घटनाक्रम में गठबंधन बदले। एनडीए की सरकार बन गई। अब जो पुराने उपमुख्यमंत्री थे उन्हें इतनी बौखलाहट हो गई तो वह चलते सत्र को छोड़कर यात्रा पर निकल गए। लोगों से अपने लिए दुहाई मांगने लगे, लोगों से कहने लगे कि उनके साथ धोखा हुआ है। अब जरा विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव यह बताएंगे कि ऐसी कौन सी जल्दी बाजी हो गई कि वह बजट सत्र को छोड़कर निकल गए? वह बताएंगे कि आखिर जो बजट सत्र इस महीने तक चलने वाला था उससे पहले उन्हें जनविश्वास यात्रा पर क्यों निकलना पड़ा? उनके लिए सत्र इतना महत्वपूर्ण क्यों नहीं है? उनके लिए यह जनविश्वास यात्रा इतना महत्वपूर्ण क्यों है?
बीजेपी प्रवक्ता ने विपक्ष के नेता पर हमला करते हुए कहा कि दरअसल, तेजस्वी यादव पूरी तरह से एक स्वार्थी नेता है। अपने स्वार्थ के लिए वह जनविश्वास यात्रा कर रहे हैं। जनता के साथ वह विश्वास नहीं जता रहे, वह जनता के साथ धोखा कर रहे हैं। बजट सत्र या फिर कोई भी विधानसभा का सत्र यदि आहूत होता है तो उसमें जनप्रतिनिधि अपने क्षेत्र की जन समस्याओं को लेकर सरकार के सामने सवाल करता है। और जो सवाल जनप्रतिनिधि करता है उस समस्या का 100 फ़ीसदी सरकार निदान कराती है। लेकिन, तेजस्वी यादव तो पद के भूखे आदमी है। उनको अपने क्षेत्र से मतलब क्या है? उनको अपने बिहार की जनता से क्या मतलब है? उनको तो बस इससे मतलब है कि वह किसी तरह कुर्सी से चिपक जाए। किसी तरह से उपमुख्यमंत्री बने रहते।
श्री शर्मा ने आगे कहा कि तेजस्वी यादव जी, जब भी कोई विधानसभा का चुनाव लड़ता है और जनता उसे चुनती है तो वह इसलिए नहीं चुनती है कि वह मंत्री बनेगा, उपमुख्यमंत्री बनेगा या मुख्यमंत्री बनेगा। जनता अपना जनप्रतिनिधि अपने लिए चुनती है और उस जनप्रतिनिधि की जिम्मेदारी होती है कि वह उस क्षेत्र की समस्या को सरकार के सामने रखें और उसका निदान करवाये। लेकिन, आप अपने स्वार्थ में इतने अंधे हो चुके हैं कि लोगों के सामने हाथ फैला कर दुहाई मांग रहे हैं कह रहे हैं कि आपके साथ धोखा हुआ है। बिल्कुल नहीं, आप जनता के साथ धोखा कर रहे हैं और यह जनता बखूबी देख रही है, जान रही है, आने वाले समय में जनता आपको इसका भरपूर जवाब देगी।
धन्यवाद
मनोज शर्मा
प्रदेश प्रवक्ता/ पूर्व विधायक
भारतीय जनता पार्टी, बिहार प्रदेश




