कैमूर/भभुआ(ब्रजेश दुबे):
स्काउट और गाइड विश्व के सबसे बड़े वर्दीधारी शेक्षिक आंदोलन के संस्थापक थे लार्ड बेडेन पावेल। जिनका नाम स्काउट-गाइड जगत में सदा याद किया गया। बच्चों से बड़ों तक में नैतिकता और योग्यता के विकास के लिए भारत में स्काउट 1909 ईoऔर गाइड 1910 ईo में आया।भारत में भी इस जिम्मेदारी को निभाने के लिए स्काउट और गाइड संस्था है। इस दिन के लिए 22 फरवरी की ताऱीख का चुनाव इसलिए किया गया क्योंकि स्काउंटिग के जनक और विश्व के मुख्य मार्गदर्शक लॉर्ड वेडेन पावेल का जन्म 22फ़रवरी 1857ईo और उनकी पत्नी ओल्वे लेडी बैडन पावेल का जन्म 22फ़रवरी 1889ईo को हुआ था।इसलिए इस दिन विश्व चिंतन दिवस के रूप में मनाया जाता है। स्काउट और गाइड द्वारा हर साल 22 फरवरी को वर्ल्ड स्काउट डे विश्वभर के 216 देशों में मनाया जाता है। विश्व चिंतन दिवस को हर साल एक विशेष थीम यानि विषय के साथ मनाया जाता है। इस साल यानि साल 2023 के लिए थीम रखी गई है 2025 तक सिंगल यूज प्लास्टिक मुक्त अभियान, इस दिन को स्काउट डे भी कहा जाता है। वाकई इस दिन की विश्व के हर व्यक्ति को समझ और सार्थकता का ज्ञान होना चाहिए। ताकि इस दिन को मनाना सही मायने में सफल हो सके। इस कार्यक्रम में भारत स्काउट और गाइड के जिला सचिव श्री बद्री नारायण सिंह उपस्थित हुए।इस कार्यक्रम में जिला संगठन आयुक्त(स्काउट)श्री दिलीप कुमार के द्वारा एकल यूज़ प्लास्टिक मुक्त अभियान के लिए सभी स्काउट गाइड को शपथ दिलाई गई और सभी स्काउट गाइड को प्रोत्साहित किया गया कि डोर टू डोर जाकर के लोगों को प्रोत्साहित करें कि हमें सिंगल यूज प्लास्टिक उपयोग नहीं करना चाहिए।सहायक जिला संगठन आयुक्त(स्काउट) श्री अरविन्द कुमार सिंह के द्वारा जलवायु परिवर्तन के बारे में बताया गया और स्काउट गाइड को स्वच्छता के बारे में बताया गया कि साबुन से कैसे हाथ धोयें। इस कार्यक्रम में 18वीं राष्ट्रीय स्काउट गाइड जंबूरी राजस्थान में भाग लिए हुए सभी प्रतिभागियों को जिला सचिव हाथों से प्रमाण पत्र बितरण किया गया तथा विभिन्न विद्यालयों के सैकड़ों स्काउट गाइड उपस्थित रहे।





1 thought on “भारत स्काउट और गाइड कैमूर ने मनाया विश्व चिंतन दिवस!”
I don’t think the title of your article matches the content lol. Just kidding, mainly because I had some doubts after reading the article.