रिपोर्ट :- धर्मेंद्र कुमार!
छपवा चौक से गांधी स्मारक तक निकाला मार्च, मुख्यमंत्री के नाम बीडीओ प्रतिनिधि को सौंपा ज्ञापन; मांगें पूरी नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी।
पूर्वी चम्पारण, मोतिहारी के
सुगौली स्कूलों में बच्चों के लिए मध्याह्न भोजन तैयार करने की जिम्मेदारी एनजीओ को सौंपे जाने के विरोध में मंगलवार को सुगौली में रसोइया संघ ने जोरदार पैदल मार्च निकालकर अपनी आवाज बुलंद की।भोला साह के नेतृत्व एवं लालबाबू राम की अध्यक्षता में निकला यह मार्च छपवा चौक से शुरू होकर विभिन्न मार्गों से होते हुए सुगौली गांधी स्मारक पहुंचा,जहां रसोइयों ने सभा आयोजित कर अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाया।सभा को संबोधित करते हुए रसोइयों ने आरोप लगाया कि एनजीओ को भोजन बनाने की जिम्मेदारी सौंपे जाने से वर्षों से विद्यालयों में सेवा दे रहीं रसोइयों के सामने रोजगार का संकट खड़ा हो गया है।उन्होंने सुगौली में बूचड़खाने के पास संचालित एनजीओ की व्यवस्था को तत्काल बंद करने तथा पूर्व की तरह सभी रसोइयों की सेवा बहाल करने की मांग की।रसोइयों की प्रमुख मांगों में एनजीओ की व्यवस्था समाप्त करने,सभी रसोइयों को पुनःकाम पर रखने और लंबे समय से बकाया पारिश्रमिक का अविलंब भुगतान करने की मांग शामिल रही।प्रदर्शनकारियों ने कहा कि रसोइयां वर्षों से विद्यालयों में बच्चों के लिए भोजन तैयार करने का कार्य करती आ रही हैं।इसके बावजूद उनकी रोजी-रोटी और भविष्य को लेकर अनदेखी की जा रही है,जिसे अब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।मार्च के समापन पर सभी रसोइयों ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन मुख्यमंत्री के नाम सुगौली प्रखंड विकास पदाधिकारी के प्रतिनिधि को सौंपा।साथ ही चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और व्यापक एवं तेज किया जाएगा।इस पैदल मार्च में संजय यादव,राघो प्रसाद,मनोज सिंह,रीना देवी,राजेश पंडित,लालबाबू राम,शबरुन नेशा,शीला देवी,भागीरथी देवी,धनराज पटेल,मीन देवी सहित सैकड़ों की संख्या में रसोइयां शामिल हुईं।प्रदर्शन के दौरान रसोइयों में अपनी मांगों को लेकर एकजुटता और आक्रोश साफ दिखाई दिया।




