अवधेश कुमार / गोपालगंज
गोपालगंज में बारिश लोगों के लिए आफत बन गयी है…चाहे अस्पताल हो या फिर मोहल्ले…. हर जगह बारिश से आफत नजर आ रही है….मौसम विभाग ने अगले 48 घंटे तक भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है….गोपालगंज से आई इस रिपोर्ट को देखिए….
बिहार में आफत की बरिश हो रही है….गंडक, गंगा और सोन नदी के जलस्तर में जहां वृद्धि हो रही है, तो वहीं पिछले 24 घंटे से हो रही बारिश लोगों के लिए आफत बन गयी है….नगर परिषद के दावे हवा हवाई हो गयी है….
पहले ये तस्वीर देखिए….ये तस्वीर है गोपालगंज के मॉडल सदर अस्पताल की, जहां हर दिन सैकड़ों की संख्या में मरीज आते हैं….लेकिन इस तस्वीर को देखकर आपको हैरानी हो रही होगी कि अस्पताल जैसी जगह में जहां लोग अपनी और अपनों की जान बचाने के लिए पहुंचते हैं, वहां की हालत ऐसी है कि मरीज के लिए अस्पताल में अंदर जाना और ईलाज कराना भी मुश्किल नजर आता है….
अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड के अंदर की जरा तस्वीर देख लीजिए…. ऑक्सीजन कन्सटेटर मशीन, ट्राई साइकिल, बेड का 20 फीसदी हिस्सा डूब चुका है….पानी भरने की वजह से मरीजों को पीएसए प्लांट से ऑक्सीजन नहीं मिल रहा है…सिलिंडर से ऑक्सीजन देकर जांच बचाने की कोशिश जारी है….इस बीच 12 घंटे में ईलाज के दौरान सदर अस्पताल में तीन मरीजों की मौत भी हो गयी है….इनमें कबीरपुर गांव के सिपाही साह, लुहसी गांव की छठिया देवी और यूपी के तरेया सुजान की प्रभावती देवी शामिल हैं…. मरीज के परिजनों का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन की ओर से बारिश के दो स्ट्रेचर और ईलाज का समूचित इंतजाम नहीं किया गया, जिससे मौतें हुई…..वहीं, इमरजेंसी वार्ड में तैनात चिकित्सक डॉ सनाउल मुस्तफा का कहना है कि अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड का भवन बाहरी सड़क से डाउन है, इस वजह से हल्की बारिश में भी पानी जमा हो जाता है…हालात जैसी भी हो, मरीजों का ईलाज करना है….
एफवीओ—-ऐसे में एक तरफ जहां बारिश से लोगों को गर्मी से राहत मिल गयी, लेकिन अस्पताल और मोहल्ले में पानी जमा होने से लोगों की परेशानी बढ़ गयी है…वहीं, नगर परिषद और अस्पताल प्रशासन के उन दावों की पोल खुल रही है, को लाखों-करोड़ों रुपये हर साल नालों की सफाई में खर्च कर पानी की निकासी का दावा करते हैं….लेकिन अफसोस की हर बार बारिश में दावे पानी में ही बह जाते हैं….




