पंकज कुमार जहानाबाद।
जिला पदाधिकारी रिची पाण्डेय द्वारा उनके कार्यालय प्रकोष्ठ मे आज मुख्यमंत्री अंतरजातीय विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना एवं मुख्यमंत्री निःसक्तजन विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना अंतर्गत कुल 7 वर -वधु को एक-एक लाख कि सावधि जमा प्रमाण पत्र प्रदान किए गए। इस दौरान इस योजना के नोडल कार्यालय, जिला सामाजिक सुरक्षा कोसांग की सहायक निदेशक श्रीमती पूनम कुमारी , जिला कल्याण पदाधिकारी एवम जिला अल्पसंख्यक कल्याण पदाधिकारी उपस्थित थे।
लाभ पाने वाले विवाहित जोड़ों में निशक्तजन विवाह अनुदान प्राप्त करने वाले आकाश कुमार एवम बिंदी कुमारी तथा नवजीत विमल एवम कुमारी ऋतु दोनो जोड़े जहानाबाद प्रखंड से हैं।वहीं अंतरजातीय विवाह प्रोत्साहन अनुदान से आच्छादित होने वाले वर- वधु में नगर परिषद जहानाबाद क्षेत्र के रविंद्र कुमार एवं शिखा ,नगर पंचायत मखदुमपुर के पंचम कुमार एवं गौरवी ,हुलासगंज प्रखंड के सरोज कुमार एवं सुप्रिया ,जहानाबाद प्रखंड के आराधना एवं आनंद पटेल तथा हुलासगंज प्रखंड के नीतीश कुमार एवं सरिता शामिल है।
पूनम कुमारी सहायक निदेशक जिला समय सुरक्षा कोसांग द्वारा अवगत कराया गया कि मुख्यमंत्री अंतरजातीय विवाह प्रोत्साहन अनुदान का लाभ, अंतरजातीय विवाह करने वाले विवाहित युगल को दिया जाता है जो कि बिहार राज्य के निवासी हो। इस योजना अंतर्गत₹100000 का अनुदान सावधि जमा के रूप में वधू के नाम से निर्गत किया जाता है एवं इसके स्वीकृति पदाधिकारी जिला पदाधिकारी होते हैं। इसी प्रकार मुख्यमंत्री निःसक्तजन विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना अंतर्गत निशक्त वर या निशक्त वधू या दोनों के निशक्त की स्थिति में दोनों को एक-एक लाख रुपए का अनुदान सावधि जमा के रूप में दिया जाता है एवं इस योजना की स्वीकृति भी जिला पदाधिकारी द्वारा दी जाती है। योजना का लाभ लेने के लिए दोनों योजनाओं में वर या वधु दोनों में से किसी एक का बिहार राज्य का स्थाई निवासी होना आवश्यक है। विवाह के तिथि से 2 साल के अंदर ही आवेदन जिला सामाजिक सुरक्षा कोषांग को उपलब्ध कराना अनिवार्य है। सरकार की यह अति महत्वाकांक्षी योजना जातीय बंधनों को तोड़ने एवं निःसक्तजनों को आर्थिक संबल बनाने के उद्देश्य से लागू की गई है। जहानाबाद जिले में कुल 33 विवाहित जोड़ों को मुख्यमंत्री अंतरजातीय विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना अंतर्गत अनुदान स्वीकृत किया जा चुका है। वही मुख्यमंत्री निः सक्तजन विवाह प्रोत्साहन अनुदान योजना अंतर्गत 29 आवेदन स्वीकृत किए गए हैं।




