आकाश कुमार
पूर्णिया
शहर के एक निजी विद्यालय से हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां स्कूल टेस्ट में फेल हो जाने पर एक 5वी कक्षा के एक छात्र को स्कूल के निर्देशक ने घंटों कमरे में बंद रखा। कमरे में बंद छात्र स्कूल निर्देशक के आगे गुहार लगाता रहा, मगर स्कूल निर्देशक ने उसकी एक न सुनी। वहीं स्कूल के कमरे के अंदर से बच्चे की रोने बिलखने की आवाज सुन ग्रामीण स्कूल की ओर दौड़े। बच्चे को कमरे में बंद पाकर चाइल्ड लाइन और स्थानीय पुलिस को मामले की सूचना दी। जिसके बाद छात्र को बंद कमरे के अंदर से बनाया गया।
समूचा मामला कसबा नगर परिषद क्षेत्र के वार्ड संख्या 5 के हजारीबाग इलाके में स्थित नॉलेज पब्लिक स्कूल से जुड़ी है। वहीं कक्षा 5वी में पढ़ने वाले छात्र का नाम नितेश कुमार बताया जा रहा है। स्कूल के निर्देशक नीरज आनंद पर आरोप लगाते हुए छात्र नितेश ने बताया कि वह विद्यालय में आयोजित टेस्ट परीक्षा में फेल हो गया था। जिसके बाद स्कूल के निर्देशक नीरज आनंद ने उसे घंटो स्कूल के अंदर बंद रखा. इस दौरान वे रोते बिलखते रहे। स्कूल निर्देशक से बख्श देने की गुहार भी लगाई। मगर उसकी एक नहीं सुनी गई।
मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने बताया विद्यालय के कमरे से बच्चे की रोने की तेज आवाज सुनाई दी. जिसके बाद वे स्कूल के उस कमरे की ओर दौड़े. बंद कमरे में छात्र को रोता हुआ पाया. इसकी सूचना उन्होंने फौरन स्थानीय पुलिस और चाइल्ड लाइन को दी. इधर सूचना पाकर पहुंचे बच्चे का पिता मांगन राम व मां पिंकी देवी ने स्कूल के निर्देशक को बुलाकर अपने बच्चे को स्कूल से बाहर निकाला. वहीं घटना की सूचना मिलने के बाद पहुंची चाइल्ड लाइन के समन्वयक जय कृष्ण गुरुंग ने स्कूल निर्देशक से एकरारनामा बनवाया.




