रिपोर्ट – अमित कुमार
- सम्राट चौधरी, नेता विरोधी दल, बिहार विधान परिषद।
किसानों की खाद की समस्या से मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुंह फेरा- सम्राट चौधरी
पटना। बिहार विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष सम्राट चौधरी ने पटना एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहा कि बक्सर के चौसा में आधी रात को महिलाओं के साथ पुलिस की गुंडागर्दी दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि किसानों को बगैर मुआवजा दिए सरकार कैसे उनकी जमीन ले सकती है? श्री चौधरी ने ये भी कहा कि बक्सर के चौसा स्थित बनारपुर थर्मल पावर प्लांट का किसानों द्वारा विरोध और मुआवजे की मांग बिल्कुल जायज है। सरकार को तुरंत उन्हें मुआवजे की राशि निर्गत कर दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि आधी रात को अन्नदाताओं के घर में घुसकर महिलाओं के साथ पुलिस की ज्यादती की हाई लेवल जांच भी होनी चाहिए। नेता प्रतिपक्ष सम्राट चौधरी ने नीतीश सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि आमजन की सुरक्षा पुलिस के हाथों में होती है। पुलिस के कारण लोग बेफिक्र होकर सड़कों पर चलते हैं। लेकिन वही पुलिस जब जनता की ही जान लेने लगे तो क्या होगा।
श्री चौधरी ने कहा कि ये लोकतंत्र है, यहां सरकार को जवाब देना होगा। नीतीश कुमार जी अब तानाशाह हो गए हैं, अगर अपनी जमीन के बदले किसान मुआवजा की मांग रहे हैं तो नीतीश जी की पुलिस इतनी ठंड में आधी रात को लाठी- डंडों से उन्हें बेरहमी से क्यों पीट रही है? उन्होंने कहा कि जनता सब देख रही है।
श्री चौधरी ने कहा कि बक्सर के किसान अभी खाद की समस्या से जूझ ही रहे थे, तब तक नीतीश सरकार ने उनके सर पर एक और पीड़ा लाद दिया। लालू- नीतीश सरकार जान बुझकर किसानों को खाद मुहैया नहीं करवा रही है। श्री चौधरी ने कहा कि केन्द्र की सहयोग से सरकारी गोदाम में 15 लाख बैग खाद रखे गए हैं, लेकिन नीतीश जी किसानों को खाद नहीं देने देते हैं। गरीब किसान ठिठुरती ठंड में सरकारी गोदाम पर अहले सुबह खाद लेने जाते हैं लेकिन किसानों को बिना खाद लिए बैरंग लौटना पड़ता है और सरकार के लोग खाद की कालाबाजारी कर के अपनी तिजोरी भर रहे हैं।




