रिपोर्ट -अनमोल कुमार
हिंदू धर्म कोई धर्म नहीं, जीने का एक तरीका है
जबलपुर : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) सरसंघचालक मोहन भागवत ने कहा है कि हालांकि पीएम नरेंद्र मोदी संघ के स्वयंसेवक रहे हैं, लेकिन संघ किसी भी व्यक्ति या संगठन को नियंत्रित नहीं करता है जो स्वतंत्र रूप से काम कर रहा हो। संघ प्रत्यक्ष नियंत्रण या 'रिमोट कंट्रोल' का इस्तेमाल नहीं करता है। भागवत ने जबलपुर में प्रबुद्ध लोगों से बातचीत करते हुए यह बात कही। भागवत छत्तीसगढ़ का दौरा करने और वहां RSS पदाधिकारियों के साथ बातचीत करने के बाद गुरुवार को चार दिवसीय दौरे पर जबलपुर पहुंचे। संघ प्रमुख भागवत ने कहा कि जब कोई आरएसएस के बारे में बात करता है तो लोग विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के बारे में भी सोचते हैं और उस संगठन में भी स्वयंसेवक हैं एवं उनकी सोच भी समान है। संघ कहने के बाद लोग मोदी जी का नाम लेते हैं। मोदी जी हमारे ‘स्वयंसेवक’ हैं।
विहिप अलग है
भागवत ने कहा कि संघ कहने के बाद आपको विश्व हिंदू परिषद (विहिप) दिखती है। विहिप में स्वयंसेवक हैं और उनके विचार एवं संस्कार स्वयंसेवक जैसे ही हैं, परंतु ये सब स्वतंत्र और अलग स्वयंसेवकों के किए हुए काम हैं। ये संघ नहीं है। उन्होंने कहा कि संघ का एक अलग और स्वतंत्र काम है।
संघ प्रमुख ने कहा कि स्वयंसेवक सब जगह हैं, इसलिए संबंध रहता है जिससे अच्छे कामों में मदद होती है, परंतु संघ का उन पर प्रत्यक्ष या परोक्ष नियंत्रण नहीं होता है। उन्होंने कहा कि हिंदू धर्म कोई धर्म नहीं है बल्कि जीने का एक तरीका है। यह एक परंपरा है, जिसे विभिन्न पंथों, जातियों और क्षेत्रों द्वारा पोषित किया गया है।




