रुपेश कुमार की रिपोर्ट :-
औरंगाबाद जिले में पशुओं पर लंपी बीमारी कहर बनकर टूट पड़ी है। गायों के लिए प्राण घातक साबित हो रही इस बीमारी से जिले में अब तक 500 से अधिक पशु संक्रमित हो चुके हैं। इनमें से कई पशुओं की मौत भी हो चुकी है। सदर प्रखंड के जम्होर में करीब डेढ़ सौ पशुओं में लंपी के केस पाए जा चुके हैं। इसके अलावा जिले के ओबरा के कादियाही एवं मलवा समेत कई गांवों में इस बीमारी के दर्जनों मामले देखने को मिले हैं। सभी प्रखंड में लंपी बीमारी अपना पैर पसार चुकी है। जो पशुओं के लिए प्राणघाती है। पशुपालन विभाग अब तक बीमारी के प्रसार को रोकने में कामयाब नहीं हो पाई है। इसके कारण संक्रमित पशुओं की तादाद प्रतिदिन बढ़ रही है। जो चिंता का विषय है। बीमारी को रोकने के लिए अगर कारगर कदम नहीं उठाए जा सकते तो परिस्थिति भयावह हो सकती है। इस संबंध में जिला पशुपालन चिकित्सा राकेश कुमार त्रिवेदी ने कहा कि जिले में लंपी के मामले देखने को मिल रहे हैं। मामला संज्ञान में है। इसे लेकर पटना से एक टीम आ रही है जो पूरे जिले में बीमारी का सर्वे करेगी। इसके बाद विभाग की ओर से बीमारी को रोकने के लिए उचित कदम उठाए जाएंगे। वही लोगों का आरोप है कि लंपी के मामले में वृद्धि होने के बाद इंजेक्शन की मांग बढ़ गई है। ऐसे में कुछ दवा विक्रेताओं की ओर से इंजेक्शन की कालाबाजारी की जा रही है। 60 से 65 रुपए के इंजेक्शन के बदले मेडिकल वाले डेढ़ 150 रुपए वसूल रहे हैं।जिससे पशुपालक परेशान हैं। बाइट राकेश कुमार त्रिवेदी जिला पशु चिकित्सक




