धर्मेंद्र कुमार की रिपोर्ट :-
पूर्वी चम्पारण जिले मोतिहारी के एक निजी सभागार में विद्यालय में गुणात्मक शिक्षा को सुनिश्चित करने के लिए विभाग और शिक्षकों की भूमिका विषय पर सेव द चिल्ड्रेन के द्वरा संगोष्ठी का आयोजन किया गया ।इस दौरान पटना के प्रोग्राम मैनेजर पीयूष कुमार ने कहा कि श्रम बच्चों का खेल नही परियोजना के तहत आयोजित संगोष्ठी में कहा कि सामाजिक मान्यता, रीति रिवाज और परम्परा बच्चों के शोषण का आधार नही हो सकता। इस अवसर पर श्री पीयूष ने कहा कि बिहार में 80 प्रतिशत सरकारी विद्यालय है जहां करीब दो करोड़ बच्चे शिक्षा ग्रहण करते हैं, इन 72 हज़ार विद्यालयों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और रुचिकर शिक्षा की ओर बढ़ना होगा तभी हम बाल श्रम और बाल विवाह के आंकड़ों को कम करने में सफल हो सकते हैं।
और इसमें सभी शिक्षकों ने इस संगोष्ठी के माध्यम से सरकारी विद्यालयों में मूलभूत संरचना एवं शैक्षणिक व्यवस्था को सुदृढ़ करने की बातें कहीं। इस संगोष्ठी में जिला समन्वयक हामिद रजा उड़ान परियोजना, जिला समन्वयक सुनील कुमार उपस्थित रहे।




