शशिकांत मिश्रा की रिपोर्ट :-
उरैन में चौकीदार हत्याकांड का आरोपी नक्सली रिगन मांझी गिरफ्तार
गिरफ्तार नक्सली हार्डकोर नक्सली अरविंद यादव का है सहयोगी
लखीसराय. क्षेत्र में नक्सलियों के खिलाफ पुलिस लगातार सक्रिय रह रही है. यही कारण है विगत दिनों पुलिस को नक्सलियों के खिलाफ लगातार सफलता भी मिली है. इसी क्रम में गुरुवार की देर शाम खुफिया इनपुर के आधार पर एफसीओबी कजरा 32 बटालियन एसएसबी द्वारा एसटीएफ कजरा व स्थानीय टीम के सहयोग से कजरा थाना क्षेत्र के खैरा गांव में छापेमारी कर एक हार्डकोर नक्सली को गिरफ्तार करने में सफलता प्राप्त की है. इस संबंध में जानकारी देते हुए एएसपी अभियान मोती लाल ने बताया कि एएसपी (ओपीएस) की देखरेख में और एफ-सीओबी कजरा के एओआर में एक वांछित नक्सली की उपस्थिति के संबंध में स्वयं के खुफिया इनपुट मिला था. जिसके आधार पर एक टीम बनाकर गुरुवार की देर शाम छापेमारी की गयी. जिसमें एक वांछित भाकपा (माओवादी) नक्सली सह कजरा थाना क्षेत्र के खैरा गांव निवासी स्व. शिवदानी मांझी के पुत्र 42 वर्षीय रिंगन मांझी को खैरा से गिरफ्तार किया गया. उन्होंने बताया कि गिरफ्तार नक्सली क्षेत्र के एरिया कमांडर हार्डकोर नक्सली सह नक्सली प्रवक्ता कहे जाने वाले अरविंद यादव उर्फ अविनाश का काफी करीबी सहयोगी रहा है. यह वर्ष 2010 से ही सक्रिय रहा है. गिरफ्तार नक्सली कजरा और उसके आसपास नक्सल गतिविधियों में सक्रिय रूप से शामिल रहा था. गिरफ्तार नक्सली पुनाडीह गांव निवासी एक चौकीदार की उरैन में जघन्य हत्या में सक्रिय रूप से शामिल था. इसके द्वारा (पीएस कजरा के तहत मामला संख्या 51/14) और कानीमोह (पीएस कजरा, मामला संख्या 33/10) में 7 बीएमपी कर्मियों की घात लगाकर हमला किया था. यह पीएस-कजरा जिला-लखीसराय के तहत आईपीसी के केस नंबर- 28/14 यू / एस 364/120 (बी) / 34 के तहत वांछित था. जिसमें यह पीएस कजरा, लखीसराय के तहत गांव खैरा के अपहरण में शामिल था. गिरफ्तार नक्सली को प्रारंभिक पूछताछ के बाद कजरा थाना को सौंप दिया गया है.




