रिपोर्ट- ऋषभ कुमार!
सोनपुर स्थित डीआरएम कार्यालय के समक्ष मंगलवार को ईस्ट सेंट्रल रेलवे इम्प्लाइज यूनियन (ईसीआरईयू) के बैनर तले रेल कर्मचारियों की विशाल जनसभा आयोजित की गई। इससे पहले यूनियन के बैनर तले सैकड़ों रेल कर्मचारियों ने सोनपुर रेलवे स्टेशन से डीआरएम कार्यालय तक रैली निकालकर केंद्र सरकार की श्रमिक नीतियों, रेलवे के निजीकरण, एनपीएस/यूपीएस तथा नए लेबर कोड के विरोध में जोरदार प्रदर्शन किया। कर्मचारियों ने विभिन्न मांगों को लेकर नारेबाजी करते हुए सरकार से कर्मचारी हितों की रक्षा करने की अपील की।
जनसभा की अध्यक्षता मंडल अध्यक्ष झुन्नू कुमार ने की, जबकि संचालन मंडल सचिव संदीप पासवान ने किया। सभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय संयुक्त सचिव रत्नेश वर्मा ने कहा कि रेल कर्मचारी अब मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ एकजुट हो चुके हैं और अपने अधिकारों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखेंगे। उन्होंने कहा कि रेलवे का निजीकरण, नई श्रम संहिताएं और एनपीएस/यूपीएस जैसी व्यवस्थाएं कर्मचारियों के हित में नहीं हैं तथा पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) को तत्काल बहाल किया जाना चाहिए।
वक्ताओं ने रेलवे में रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति करने, आउटसोर्सिंग व्यवस्था समाप्त करने, समान कार्य के लिए समान वेतन लागू करने, नए लेबर कोड को वापस लेने तथा आठवें वेतन आयोग में रेल कर्मचारियों के हितों को प्राथमिकता देने की मांग की। नेताओं ने कहा कि यदि सरकार ने कर्मचारियों की मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
सभा में बड़ी संख्या में रेल कर्मचारियों, पदाधिकारियों एवं यूनियन नेताओं ने भाग लिया। अंत में सभी कर्मचारियों से आगामी राष्ट्रीय आंदोलन को सफल बनाने का आह्वान किया गया।



