आरा/आशुतोष पाण्डेय
NEET पेपर लीक मामले को लेकर छात्र संगठन आईसा (AISA) द्वारा शनिवार को आहूत बिहार बंद के मद्देनज़र भोजपुर जिला प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में नजर आया। बंद को शांतिपूर्ण बनाए रखने के लिए आरा रेलवे जंक्शन, बस स्टैंड, प्रमुख चौक-चौराहों, बाजारों तथा संवेदनशील स्थानों पर बड़ी संख्या में पुलिस बल और दंडाधिकारियों की तैनाती की गई है।
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांगों को रखना प्रत्येक नागरिक का अधिकार है। इसी को ध्यान में रखते हुए छात्र संगठनों को शांतिपूर्ण ढंग से जुलूस निकालने, प्रदर्शन करने और अपनी बात रखने की अनुमति दी गई है। साथ ही चेतावनी दी गई है कि कानून-व्यवस्था भंग करने, जबरन दुकानें बंद कराने, यातायात बाधित करने अथवा सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की किसी भी कोशिश पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
बिहार बंद को लेकर सुबह से ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने शहर के विभिन्न इलाकों का लगातार निरीक्षण किया। आरा रेलवे जंक्शन पर आरपीएफ और जीआरपी के साथ जिला पुलिस की संयुक्त निगरानी रही, ताकि रेल परिचालन और यात्रियों की सुरक्षा प्रभावित न हो। वहीं शहर के प्रमुख मार्गों पर गश्ती दल लगातार सक्रिय रहे।
छात्र संगठन आईसा ने NEET पेपर लीक मामले की निष्पक्ष जांच, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई तथा परीक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग को लेकर बिहार बंद का आह्वान किया है। बंद के दौरान विभिन्न स्थानों पर छात्र-युवा संगठनों द्वारा जुलूस और प्रदर्शन किए जाने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी को और मजबूत कर दिया है।
फिलहाल आरा शहर में स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है। प्रशासन लगातार लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील कर रहा है, ताकि विरोध-प्रदर्शन लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हो सके।



