रिपोर्ट :- संतोष चौहान!
सुपौल :- जिले के भीमनगर स्थित बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस (बीएसएपी) की 12वीं बटालियन परिसर शनिवार को गौरव और उत्साह के माहौल से सराबोर रहा। करीब नौ महीने के कठोर प्रशिक्षण, अनुशासन और अथक मेहनत के बाद 1074 महिला प्रशिक्षुओं ने भव्य पासिंग आउट परेड में भाग लेते हुए बिहार पुलिस की नई शक्ति के रूप में अपनी औपचारिक शुरुआत की।
प्रशिक्षण वर्ष 2025-26 के तहत आयोजित इस समारोह में परेड ग्राउंड को विशेष रूप से सजाया गया था। सभी 36 प्लाटून की महिला प्रशिक्षु पूरी वर्दी में अनुशासित ढंग से परेड मैदान में खड़ी थीं। राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। तत्पश्चात कोशी रेंज के डीआईजी डॉ० कुमार आशीष और बीएसएपी 12वीं बटालियन के कमांडेंट शशि शंकर कुमार ने खुली जीप से परेड का निरीक्षण किया। निरीक्षण के उपरांत महिला जवानों ने अर्धचंद्राकार गठन सहित कई आकर्षक ड्रिल और शानदार परेड का प्रदर्शन किया। उनकी एकरूपता, तालमेल, आत्मविश्वास और अनुशासन ने उपस्थित अधिकारियों, अभिभावकों और स्थानीय लोगों को प्रभावित कर दिया। पूरे समारोह के दौरान देशभक्तिम और कर्तव्यनिष्ठा का भाव स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा था।
डीआईजी डॉ० कुमार आशीष ने सभी प्रशिक्षु महिला जवानों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। इसके बाद सभी 36 प्लाटून ने मंच पर मौजूद अतिथियों को सलामी देकर अपने प्रशिक्षण कौशल का उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। इस भव्य परेड की कमान पूर्णिया जिले की मेघा कुमारी ने मुख्य परेड कमांडर के रूप में संभाली। उनके नेतृत्व में पूरा समारोह सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। समारोह में बड़ी संख्या में महिला प्रशिक्षुओं के माता-पिता और परिजन भी शामिल हुए थे। अपनी बेटियों को वर्दी में देखकर कई अभिभावक भावुक नजर आए। पासिंग आउट परेड के बाद महिला जवानों ने अपने परिजनों और साथियों के साथ तस्वीरें खिंचवाकर इस यादगार पल को संजोया।
इस अवसर पर बीएसएपी 12वीं बटालियन के कमांडेंट शशि शंकर कुमार, एसएसबी 45वीं बटालियन के कमांडेंट गौरव सिंह, डीएसपी वासुदेव राय, राकेश कुमार भास्कर, सुमन कुमार शर्मा, 15वीं बटालियन के डीएसपी जय प्रकाश सिंह, रमेश कांत चौधरी समेत बिहार विशेष सशस्त्र पुलिस की 12वीं और 15वीं बटालियन के कई अधिकारी उपस्थित थे।पासिंग आउट परेड के साथ ही 1074 महिला जवानों की प्रशिक्षण यात्रा सफलतापूर्वक संपन्न हो गई। अब ये सभी महिला जवान बिहार पुलिस में नई जिम्मेदारियों का निर्वहन करते हुए कानून-व्यवस्था और जनसेवा के क्षेत्र में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।




