रिपोर्ट – अमित कुमार
..बिहार की राजनीति में इन दिनों काफी उथल-पुथल मची हुई है, खासकर जन सुराज के संस्थापक प्रशांत किशोर और बीजेपीसांसदडॉसंजयजायसवाल के बीच।
आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला चल रहा है। डॉ संजय जायसवाल ने हाल ही में प्रशांत किशोर पर हमला बोलते हुए कहा कि उनकी राजनीति झूठ और फरेब पर आधारित है।
मुख्य आरोप और पलटवार के बीच डॉ संजय जायसवाल ने प्रशांत किशोर को वकालतन नोटिस भेजा है और 15 दिनों के अंदर सबूत देने या माफी मांगने को कहा है। ऐसा न करने पर उन्होंने मुकदमा दर्ज कराने और जेल भिजवाने की धमकी दी है। डॉ संजय जायसवाल ने प्रशांत किशोर को राजनीतिक धंधेबाज बताया है, जो सत्ता की दलाली करने में लगे हैं।
विवाद की एक वजह छावनी ओवरब्रिज के एलाइनमेंट को लेकर है, जिसे डॉ संजय जायसवाल के पेट्रोल पंप के कारण बदला गया बताया गया था। प्रशांत किशोर ने डॉ संजय जायसवाल के आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा है कि अगर जन सुराज में शामिल लोग अपराधी हैं, तो बिहार में बीजेपी की सरकार होने के बावजूद उन अपराधियों को क्यों खुला छोड़ रखा है।
बिहार की राजनीति में ये आरोप-प्रत्यारोप आने वाले विधानसभा चुनावों के मद्देनजर काफी महत्वपूर्ण हैं और दोनों पक्षों के बीच जुबानी जंग तेज होती दिख रही है।




