रिपोर्ट- अमित कुमार!
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में मंगलवार को हुई बिहार कैबिनेट की बैठक में राज्य के विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए। कुल 33 एजेंडों पर मुहर लगाई गई, जिनमें कंकड़बाग, पटना में एक अत्याधुनिक नेत्र अस्पताल की स्थापना के लिए 1.6 एकड़ भूमि हस्तांतरण का फैसला प्रमुख है।
इसके अलावा, सहरसा में पर्यटन के विकास, प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत कर्मियों के वेतन, और विशेष सर्वेक्षण बंदोबस्ती नियमावली में संशोधन जैसे महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इस बैठक की पूरी जानकारी संवाद कक्ष में मुख्य सचिव एस. सिद्धार्थ ने दी।
आइए, जानते हैं बैठक से जुड़े मुख्य बिंदु।
मुख्य बिंदु:
- कंकड़बाग में नेत्र अस्पताल की स्थापना:
पटना के कंकड़बाग में मेदांता हॉस्पिटल के बगल में सुपर स्पेशलिटी नेत्र अस्पताल बनाया जाएगा।
इस अस्पताल के लिए बिहार राज्य आवास बोर्ड की 1.6 एकड़ भूमि हस्तांतरित की गई है।
- प्रधानमंत्री आवास योजना:
योजना के तहत संविदा पर कार्यरत कर्मियों के वेतन का रास्ता साफ किया गया।
- सहरसा में पर्यटन विकास:
सहरसा में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 98 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई।
- विशेष सर्वेक्षण और बंदोबस्ती नियमावली में सुधार:
भूमि सर्वेक्षण से जुड़े नियमों में संशोधन को स्वीकृति मिली।
- स्वास्थ्य और शिक्षा क्षेत्र के लिए निर्णय:
लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के तहत 493 पंप ऑपरेटर के पद सृजित किए गए।
आयुर्वेदिक और होम्योपैथिक अस्पतालों में भोजन की व्यवस्था जीविका दीदियों द्वारा कराने का फैसला लिया गया।
बिहार परिचारिका संपर्क नियमावली 2024 को स्वीकृति मिली।
जयप्रकाश नारायण विश्वविद्यालय के अंतर्गत कई नए पदों का सृजन किया गया।
- इंफ्रास्ट्रक्चर और ऊर्जा क्षेत्र में फैसले:
इंडो-नेपाल बॉर्डर पर सड़क निर्माण की योजना को मंजूरी दी गई।
गर्दनीबाग में मंत्रियों के लिए नए आवास बनाए जाएंगे।
ऊर्जा विभाग की तीन बड़ी योजनाओं को मंजूरी दी गई।
- सूचना जनसंपर्क विभाग:
सोशल मीडिया और जनसंपर्क एजेंसियों के चयन के लिए निविदा आमंत्रित करने की स्वीकृति दी गई।
इन फैसलों से राज्य में स्वास्थ्य, शिक्षा, पर्यटन और इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़े बदलाव होने की उम्मीद है।
इस आशय की जानकारी प्रधान सचिव सिद्धार्थ ने सूचना जनसंपर्क विभाग सभागार में पत्रकार वार्ता आयोजित कर दी




