रिपोर्ट :- आशुतोष पांडेय
परीक्षा नियंत्रक के मनमानी के कारण महंथ महिला कॉलेज बना रणक्षेत्र
विगत दिनों परीक्षा नियंत्रक ने अचानक से स्नातक सत्र (2023-27) के 1सेमेस्टर के मिड टर्म की परीक्षा के लिए नोटिस जारी कर दी.
जिसमे स्पष्ठ रुप से कॉलेजों को निर्देशित किया गया कि 6 नवंबर से 9 नवम्बर के बीच सभी महाविद्यालय इस परीक्षा को आयोजित करा ले.
इस क्रम में कुछ कॉलेजों ने रूटिन जारी कर परीक्षा शुरू कर दी.
लेकिन महंथ महाविद्यालय के द्वारा परीक्षा सम्बंधित कोई समय सारणी जारी नही किया गया
कल शाम अचानक से हस्तलिखित सूचना सोशल मीडिया पर वायरल होता है जिसे छात्राओं ने सही मान कर यज़ सुबह 7 बजे से महिला महाविद्यालय के गेट के बाहर जमा होने लगी..
लेकिन मौके पर महाविद्यालय के सभी कर्मचारी नदारत मिले.कॉलेज का गेट बंद था कुछ देर के बाद गेट खुला लेकिन उन छात्राओं को बताने समझाने वाले शिक्षकों नही थे जिसके कारण छात्राओं के गुस्सा फूटा और कॉलेज रणक्षेत्र में बदल गया और गेट पर हंगामा शुरू हुआ.जिसमे कुछ गाड़ियों के क्षतिग्रस्त होने की भी खबर है.
खबर यह भी है कि महाविद्यालय में पीजी 4th सेमेस्टर का एक्सटरनल एग्जाम ,स्नातक भाग -2 परेटिकल एग्जाम भी कॉलेज में आयोजित होने वाली थी..
सूचना मिलते ही कुछ शिक्षकों ने परीक्षा शुरू की और कुछ ने परीक्षा लेने से मनाही किये..
मौके छात्रसंगठनो के साथ साथ प्रशासन, और महाविद्यालय की प्रधानाचार्या मौके पर पहुँची और छात्रनेताओं के बीच बचाव करते हुए प्रधानाचार्या से महाविद्यालय प्रशासन की तरफ से हुए गलती को मानते हुए छठ पूजा बाद परीक्षाओं को आयोजित करने की घोषणा की.
तब जाकर धीरे धीरे महाविद्यालय का माहौल शांत हुआ. छात्रसँगठनो में अभाविप के राज पाण्डेय,छोटू सिंह,चन्दन तिवारी, जदयू नेता सुशील सिंह टाइगर सहित अन्य लोग शामिल थे




