आकाश कुमार की रिपोर्ट :-
सिनेट सदस्य शिव शंकर सरकार ने पूर्णिया विश्वविद्यालय के कुलपति को लिखा पत्र, उठाया शैक्षणिक अराजकता मुद्दा
पूर्णिया विश्वविद्यालय सीनेट सदस्य शिव शंकर सरकार ने पूर्णिया विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. डॉ. राजनाथ यादव को पत्र लिखकर
14 बिंदुओं में विश्वविद्यालय में कायम शैक्षिक अराजकता के मामले से अवगत करवाया है। कुलपति को लिखे पत्र में सीनेट सदस्य ने कहा है कि महाविद्यालय में बिना शिक्षक के विभाग का संचालन किया जा रहा हैं छात्र बिना वर्ग किए ही डिग्री प्राप्त कर रहे हैं.
- क्या वीसी ये बताने कि कृपा करेंगे कि कितने महाविद्यालय में छात्र –शिक्षक अनुपात है और शिक्षक प्रतिदिन कितने वर्ग का संचलन करते हैं।
- क्या विश्वविद्यालय अतिथि शिक्षकों को स्थाई शिक्षक के रूप दर्जा देने हेतु प्रस्ताव लाने पर विचार कर सकता है।
- क्या विश्वविद्यालय में स्थायी शिक्षक की नियुक्ति रिक्त पदों पर करने का विचार है? तो कब तक?
- दिनांक 16-09-2019 को पूर्णिया विश्वविद्यालय द्वारा दर्शन साह महाविद्यालय और फारविसगंज महाविद्यालय के बी०एड० के लिए पत्रांक संख्या- PRNW/PR/14/19 के अनुसार शैक्षणिक और गैर शैक्षणिक पद पर भर्ती निकली गई थी, गैर शैक्षणिक पद पर भर्ती क्यों नहीं की गई?
- अनुकम्पा के आधार पर नियुक्ति में दर्शन साह महाविद्यालय के दीपक कुमार की नियुक्ति को क्यों रोका गया है?
- क्या विश्वविद्यालय विधि और व्यावसायिक शिक्षा को सुचारु रूप से चलाने के लिए सेवा दे रहे शिक्षक के साथ सम्मानजनक भुगतान के साथ सेवा देने का अवसर दे रहा हैं?
- क्या शोध कार्य को बढ़ावा देने के लिए अन्य विश्वविद्यालय की तरह पीएचडी किये हुए शिक्षकों को पीएचडी कराने को लेकर सीटों का आवंटन किया गया है? और प्रयोगशाला का निर्माण का कोई प्रस्ताव लाने पर विचार किया गया है?
- क्या विश्वविद्यालय तत्काल प्रत्येक जिले के एक प्रमुख महाविद्यालय को समुचित व्यवस्था के साथ मॉडल कॉलेज घोषित करने की स्थिति में है?
- क्या यह सत्य हैं कि दर्शन साह कॉलेज, कटिहार में कई विभाग बिना शिक्षक के ही चलाए जा रहें है।
- मैथली और बंगाली बिषय मे नामांकन न मात्र के बराबर है दशकों से आखिर ऐसा क्यों?
- प्रमुख महाविद्यालय में रात्रि प्रहरी, सफाई कर्मी, माली और चतुर्थ वर्गीय कर्मचारी के बिना संचालित किया जा रहा है. क्या विश्वविद्यालय बहाली का प्रस्ताव पर विचार किया है?
- क्या डी० एस० कॉलेज, कटिहार के बी० एड० में फर्जी तरीके से बहाली कि जांच अभी तक नहीं हुई है, नहीं होने का क्या कारण है.
- क्या विश्वविद्यालय अन्य व्यवसायिक कोर्स जैसे- पत्रकारिता, पुस्तकालय विज्ञान, प्रबंधन, वैश्विक भाषा से जुड़े संकाय को कब संचालित करेगी?
- क्या कारण हैं कि एक ही प्रधानाचार्य को दो महाविद्यालय को चलाने के लिए मजबूर किया जा रहा है?




