:- रवि शंकर अमित!
मुख्य बिंदुः-
‘सेवा संकल्प अभियान’ एवं ‘Seva First Innovation Challenge (East Zone)’ के माध्यम से सेवा, नवाचार और उद्यमिता को बढ़ावा देने पर जोर।
प्रधानमंत्री आदरणीय श्री नरेन्द्र मोदी जी की कल्पना और नवाचार के प्रति उनकी दृष्टि हम सभी को प्रेरित करता है।
1 बजे रात में भी हमारे 1 लाख 42 हजार बच्चे ऑनलाइन पढ़ाई की सुविधा ले रहे हैं और उस समय शिक्षक भी उपलब्ध होते हैं। शिक्षक विद्यार्थियों की समस्याओं का समाधान करते हैं और वे संतुष्ट होते हैं, यह सरकार की बड़ी उपलब्धि है।
बिहार में औद्योगिक माहौल तैयार हो चुका है और अब तक करीब 1,000 उद्योगों को जमीन उपलब्ध कराई जा चुकी है। अगले पाँच वर्षों में 10,000 उद्योगों को बिहार की धरती पर स्थापित करने का लक्ष्य है।
पटना, 19 सितम्बर 2026 मुख्यमंत्री श्री सम्राट चौधरी ने आज तारामंडल में सेवा संकल्प अभियान के तहत राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज कार्यक्रम का दीप प्रज्वलित कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ‘नेशनल इनोवेशन चैलेंज’ पोर्टल का लोकार्पण किया।
मुख्यमंत्री ने कार्यक्रम की शुरूआत में ‘श्यामा प्रसाद मुखर्जी जी कार रैली के तहत 25 वाहनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इसके पश्चात् मुख्यमंत्री ने इनोवेशन प्रदर्शनी का अवलोकन किया और विभिन्न स्टॉलों का निरीक्षण किया। इस दौरान मुख्यमंत्री ने नये युवा उद्यमियों से स्टार्टअप इनोवेशन के बारे में बातचीत की, उनके उत्पाद को देखा और उसके संबंध में विस्तृत जानकारी ली।
राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज कार्यक्रम को संबोधित करते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि सेवा संकल्प अभियान के तहत राष्ट्रीय इनोवेशन चैलेंज कार्यक्रम में आप सभी का स्वागत करता हूँ। सेवा करने के साथ-साथ वर्ष 2047 में विकसित भारत के संकल्प को हम सभी को मिलकर पूरा करना है। प्रधानमंत्री आदरणीय श्री नरेन्द्र मोदी जी के सेवाकाल के 25 वर्ष पूरे होने पर उन्हें बधाई और शुभकामनायें देता हूँ। प्रधानमंत्री जी की कल्पना और नवाचार के प्रति उनकी दृष्टि हम सभी को प्रेरित करता है। हमलोगों की सरकार इन्हीं उद्देश्यों के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि बिहार की विकास यात्रा में सेवा, नवाचार, तकनीक और उद्यमिता की महत्वपूर्ण भूमिका है। राज्य की युवा शक्ति और बड़ी आबादी को चुनौती नहीं, बल्कि विकास की ताकत बनाकर बिहार को नई ऊंचाइयों तक ले जाना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ‘सेवा संकल्प अभियान’ और ‘Seva First Innovation Challenge (East Zone)’ जैसे प्रयासों से युवाओं में सेवा भावना, नवाचार और नई सोच को प्रोत्साहित किया जा रहा है। तकनीक के माध्यम से आम लोगों के जीवन को सरल और सुविधाजनक बनाने की दिशा में लगातार काम किया जा रहा है। हमलोगों ने बाढ़ प्रभावित 9 लाख परिवारों को DBT के माध्यम से आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई है और सीधे उनके खाते में राशि हस्तांतरित की गयी है। सरकार आपदा की घड़ी में प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और उनकी सुविधाओं के लिये हर संभव प्रयास कर रही है। यू०पी०आई० का प्रयोग पूरे विश्व में सबसे ज्यादा हमारे देश में होता है। यू०पी०आई० ने डिजिटल लेन-देन के क्षेत्र में क्रांति ला दी है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार में औद्योगिक माहौल तैयार हो चुका है और अब तक करीब 1,000 उद्योगों को जमीन उपलब्ध कराई जा चुकी है। अगले पाँच वर्षों में 10,000 उद्योगों को बिहार की धरती पर स्थापित करने का लक्ष्य है। बिहार के बाहर यहां के 12 लाख लोग मजदूरी करने के लिये जा रहे हैं। हमलोगों का लक्ष्य है कि बिहार के बाहर कोई मजदूरी करने न जाय, इसके लिये उद्योगों और उद्यमियों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। हमारे युवा उद्यमी नये स्टार्टअप के साथ बिहार की दिशा बदल सकते हैं। राज्य सरकार उनके प्रयासों को हरसंभव सहयोग देगी। ‘Bihar Tech Portal for Innovation in IT Sector’ के माध्यम से आई०टी० क्षेत्र में नवाचार को बढ़ावा दिया जा रहा है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा के क्षेत्र में राज्य सरकार तेजी से काम कर रही है। 700 सरस्वती विद्या निकेतन मॉडल स्कूल स्थापित किए गए हैं। ‘विद्यार्थी साथी’ ऐप के माध्यम से लाइव क्लास और NEET/JEE की तैयारी की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। युवाओं और विद्यार्थियों के लिए 24×7 ऑनलाइन ट्यूटर एवं मॅटरशिप की सुविधा उपलब्ध कराया जा रहा है। 1 बजे रात में भी हमारे 1 लाख 42 हजार बच्चे ऑनलाइन पढ़ाई की सुविधा ले रहे हैं और उस समय शिक्षक भी उपलब्ध होते हैं। इसके लिये हमारे 75 हजार शिक्षक इनरॉल्ड किये गये हैं। हमारे बच्चों के लिये शिक्षक ऑनलाइन हमेशा उपलब्ध रहते हैं, उनकी समस्याओं का समाधान करते हैं और वे संतुष्ट होते हैं, यह हमारी सरकार की बड़ी उपलब्धि है। अभी कुछ दिन पहले 2500 अस्टेिंट प्रोफेसर की बहाली हुयी है। उनलोगों से हमारी मुलाकात हुयी है। उनमें से कई लोग देश के दूसरे हिस्से में अध्यापन का कार्य कर रहे थे। अब वे हमारे ग्रामीण क्षेत्रों में बच्चों को शिक्षित करेंगे, यह हमारे लिये संतोष की बात है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि महिला सशक्तिकरण विकास का महत्वपूर्ण आधार है। समृद्ध बिहार बनाने में महिलाओं की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। हमलोगों ने 1 करोड़ महिलाओं को ‘लखपति दीदी’ बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। उन्होंने कहा कि बिहार को समृद्ध बनाना है, इसके लिये हम सभी को मिलकर काम करना होगा। युवा ऊर्जा, तकनीकी क्षमता और उद्यमशीलता को एक साथ जोड़कर राज्य को तेज विकास की दिशा में आगे बढ़ाया जाएगा। सरकार का लक्ष्य ऐसा बिहार बनाना है, जहां सेवा के साथ नवाचार, रोजगार और उद्योग के नए अवसर लगातार उपलब्ध हों।
कार्यक्रम में उद्योग मंत्री सुश्री श्रेयसी सिंह, डेयरी, मत्स्य एवं पशु संसाधन मंत्री श्री नंद किशोर राम, सांसद डॉ० संजय जायसवाल, विधायक सह भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष श्री संजय सरावगी, सेवा फर्स्ट इनोवेशन चैलेंज की प्रदेश संयोजक डॉ० अमृता भूषण राठौर सहित अन्य जनप्रतिनिधि, गणमान्य व्यक्ति, युवा उद्यमी उपस्थित थे।




