बेगूसराय- महिलाओं एवं छात्राओं के बीच वरदान साबित होगा ABVP का ऋतुमति अभियान!

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:- ब्यूरो रिपोर्ट!

महिलाओं एवं छात्राओं के बीच वरदान साबित होगा अभाविप का ऋतुमति अभियान: उत्तर बिहार प्रान्त विशेष आमंत्रित सदस्य श्वेतनिशा शांडिल्य

मंझौल, बेगूसराय।

आज अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद उत्तर बेगूसराय के मंझौल नगर इकाई के द्वारा 9 जुलाई राष्ट्रीय विद्यार्थी दिवस के अवसर पर साप्ताहिक कार्यक्रम के अन्तर्गत तीसरे दिन जिला छात्रा प्रमुख आरूषी कुमारी एवं अंजली के नेतृत्व में छात्राओं एवं महिलाओं के बीच ऋतुमति अभियान कार्यक्रम कर समाज में बेहतर संदेश देने का काम की। इस अवसर पर उत्तर बिहार प्रांत के विशेष आमंत्रित सदस्य श्वेतनिशा ने कहा कि आज ऋतुमति अभियान के निमित्त सैकड़ों महिलाओं एवं छात्राओं के बीच मासिक धर्म से जुड़े चुनौतियों के साथ कई तरीके की मिथक धारणाएँ भी जुड़ी हुई है। परंतु भारत में वैदिक काल से ही रजस्वला स्त्री से संबंधित कई ऐसे रीतियां हैं जो रज महिलाओं के मान सम्मान और समाज में उनके महत्व को दर्शाता है। जैसे उड़ीसा में मनाया जानेवाला रज् पर्व या मिथुना संक्रांति एवं असम में मनाया जानेवाला तुलनी बिया या शांति बिया, असम में हर साल अबुवाची मेला के समय कामाख्या देवी के मंदिर का द्वार बंद रहता है। इसी मान्यता के चलते कि उस समय धरती माँ रज की अवस्था में होती है। किंतु समकालीन भारत में रूढ़िवादी भ्रांतियों के कारण महिलाएँ खुलकर इन विषयों पर चर्चा नहीं करती है। जिसका प्रभाव आज महिलाओं के स्वास्थ्य पर हो रहा है। पूजा कुमारी, रितिका रानी, डेजी ने कहा कि आज हमारे देश में 62% महिलाएँ माहवारी के वक्त कपड़े का इस्तेमाल करती है और मात्र 48% महिलाएँ सेनेटरी नैपकिन के प्रयोग से परिचित है। ऐसे में भारत के वृहद घरेलू परिवेश में कपड़े के इस्तेमाल, कपड़े का सही प्रयोग एवं स्वच्छता संबंधित समस्याएँ महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए घातक है। संकुचित घरेलू परिवेश के कारण भी महिला को मासिक धर्म के समय अनेक समस्याएँ झेलनी पड़ती है। विभाग छात्रा प्रमुख सोनी एवं प्रीति ने कहा कि आज महिलाओं के महत्वपूर्ण समस्याओं को लेकर अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद की पहल रितुमति अभियान के माध्यम से मासिक धर्म विषय पर चर्चा एवं जागरूकता फैलाने का काम कर रही है। मासिक धर्म जैसे मुद्दे को हम खुले मंच पर संवाद करने, सामाजिक निषेध को खत्म करने के उद्देश्य से ग्रामीण-शहरी परिवेश में जाकर मासिक धर्म के समय स्वच्छता एवं उसके महत्व से संबंधित चर्चा कर रहे हैं। विद्यार्थी परिषद आनेवाले समय में समाज में जागृति पैदा करने के लिए विभिन्न पहलुओं के माध्यम से इस कार्यक्रम को आगे भी जारी रखेगी। मौके पर अनन्या सिंह खुशी, कर्णिका सिंह, कनिष्का सिंह, सुंदरी, आरती, सोनाली, अर्पिता, शालिनी राज, सगुन भारती, शिवानी, राजनंदनी, अंजली, पूजा, श्वेतनिशा, सोनी, आरुषि, मुस्कान, रितिका रानी, डेजी, रिचा रानी, मीनाक्षी, नेहा, श्यामली, पल्लवी आदि सैकड़ों प्रमुख कार्यकर्ता उपस्थित थे।

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