रिपोर्ट – संतोष चौहान!
कोसी बराज से डिस्चार्ज 1.30 लाख क्यूसेक पहुंचा : 24 घंटे में 31 हजार क्यूसेक पानी बढ़ा, प्रशासन की बढ़ी निगरानी
नेपाल में लगातार हो रही बारिश का असर कोसी नदी पर साफ दिखने लगा है। रविवार दोपहर 12 बजे कोसी बराज से कुल 1 लाख 30 हजार 760 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। शनिवार दोपहर 12 बजे यह आंकड़ा 99 हजार 500 क्यूसेक था। यानी महज 24 घंटे में डिस्चार्ज में करीब 31 हजार 260 क्यूसेक की वृद्धि दर्ज की गई है।
बराज नियंत्रण कक्ष से जारी रिपोर्ट के अनुसार, रविवार दोपहर डाउन स्ट्रीम (डी/एस) डिस्चार्ज 1 लाख 28 हजार 160 क्यूसेक रहा। वहीं पूर्वी कोसी मुख्य नहर (ईकेएमसी) में पानी का प्रवाह शून्य (NIL) रहा, जबकि पश्चिमी कोसी मुख्य नहर (डब्ल्यूकेएमसी) में 2,600 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इस प्रकार कुल डिस्चार्ज 1 लाख 30 हजार 760 क्यूसेक दर्ज किया गया।
जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए कोसी तटबंधों और निचले इलाकों पर प्रशासन की निगरानी बढ़ा दी गई है। जल संसाधन विभाग के अभियंता लगातार बराज और तटबंधों की स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं। हालांकि फिलहाल डिस्चार्ज खतरे के स्तर से नीचे है, फिर भी नेपाल के जलग्रहण क्षेत्रों में लगातार वर्षा होने पर अगले कुछ दिनों में पानी के प्रवाह में और वृद्धि की संभावना जताई जा रही है।
प्रशासन ने तटवर्ती क्षेत्रों के लोगों से अफवाहों पर ध्यान नहीं देने तथा नदी के किनारे अनावश्यक आवाजाही से बचने की अपील की है। साथ ही संबंधित विभागों को सतर्क रहने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक तैयारी रखने का निर्देश दिया गया है।
हर वर्ष मानसून के दौरान नेपाल से आने वाले पानी के कारण कोसी बराज के डिस्चार्ज में तेजी से उतार-चढ़ाव होता है। ऐसे में सुपौल, सहरसा, मधेपुरा और खगड़िया समेत कोसी क्षेत्र के जिलों में जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है। फिलहाल स्थिति नियंत्रण में है, लेकिन मौसम की परिस्थितियों को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है।




