रिपोर्ट – संतोष तिवारी!
भोजपुर एनकाउंटर मामले में बिहार राज्य मानवाधिकार आयोग ने लिया संज्ञान!
बिहार के मुख्य सचिव, डीजीपी और भोजपुर के एसपी हुए तलब!
मानवाधिकार अधिवक्ता एस.के.झा की याचिका पर आयोग ने लिया संज्ञान!
आयोग द्वारा चार सप्ताह में माँगी गयी रिपोर्ट, 13 जुलाई को आयोग करेगी पुरे मामले की समीक्षा !
मुजफ्फरपुर :- भोजपुर जिले में हुए एनकाउंटर के मामले में बिहार राज्य मानवाधिकार आयोग ने संज्ञान लिया हैं। जिले के मानवाधिकार मामलों के अधिवक्ता एस.के.झा ने भोजपुर एनकाउंटर मामले में मानवाधिकार आयोग में याचिका दर्ज की थी, जिस पर सुनवाई करते हुए आयोग ने बिहार के मुख्य सचिव, डीजीपी और भोजपुर के एसपी को तलब किया है और चार सप्ताह में रिपोर्ट की माँग की है। आयोग के माननीय अध्यक्ष न्यायमूर्ति अनंत मनोहर बदर द्वारा 13 जुलाई 2026 को मामले की समीक्षा की जाएगी। विदित हो कि भोजपुर जिले के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव के रहने वाले भरत भूषण तिवारी की मौत पुलिस एनकाउंटर में हो गई। मानवाधिकार अधिवक्ता एस.के.झा द्वारा इस पूरे मामले को लेकर राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग, नई दिल्ली और बिहार राज्य मानवाधिकार आयोग, पटना में दो अलग – अलग याचिका दायर की गयी थी। उन्होंने अपनी याचिका में माँग की है कि इस एनकाउंटर में शामिल सभी पुलिसकर्मियों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज करते हुए रिटायर्ड जज की निगरानी में इस पूरे मामले की जाँच कराई जाये और दोषियों पर सख्त-से-सख्त कार्रवाई की जाएँ। उनके द्वारा पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा देने की भी माँग की गई है। अधिवक्ता श्री झा ने आयोग के इस कदम को सराहनीय बताते हुए कहा कि बिहार राज्य मानवाधिकार आयोग, मानवाधिकारों के प्रति काफी सजग है। फिलहाल इस पुरे मामले पर मानवाधिकार आयोग अपनी पैनी नजर रखे हुए है।



