रिपोर्ट अनमोल कुमार
गया। शहर के सर्वे ऑफिस के निकट आरंभिक प्ले हाउस में जन्माष्टमी का त्योहार बहुत धूमधाम से मनाया गया। विद्यालय के प्रांगण में नन्हे नन्हे बच्चे रंग-बिरंगे राधा कृष्ण के पोशाक में बहुत ही प्यारे लग रहे थे। कृष्ण और राधा के रूप में बच्चे बहुत ही मनमोहक दिख रहे थे और माखन चुराते हुए नजर आए जिसे देखकर मन बहुत ही भाव विभोर हो गया सभी बच्चे बहुत ही आकर्षक लग रहे थे कान्हा सो जा जरा गाने पर बच्चे झूम उठे आरंभिक प्ले हाउस के प्रांगण में हर तरफ राधा कृष्ण की छवि नजर आ रही थी ।और इस खास मौके पर स्कूल के निदेशक विनीत कुमार ने बच्चो और शिक्षिकाओं को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह त्योहार भाद्रपद मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी को मनाया जाता है। जो हमें यह याद दिलाती है कि रात कितनी भी अंधेरी क्यों ना हो परिस्थितियों कितनी भी विषम क्यों ना हो हमें हिम्मत नहीं हारनी चाहिए। उन्होंने बच्चों को यह भी बताया कि भगवान कृष्ण का जन्म तो जेल की काल कोठरी में हुआ था पर वह किस तरह से सारी मुसीबतो को झेलते हुए गोकुलधाम पहुंच गये थे। इसलिए हमें कभी भी हिम्मत नहीं हारनी चाहिए। व्यवस्थापक मृगांक नारायण सिंह ने भी बच्चों को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दी और कहां हमारे देश के हर बच्चे में कृष्ण और राधा का रूप दिखता है क्योंकि यहां का बच्चा-बच्चा कृष्ण और राधा का रूप है। प्राचार्य अलका सिंह ने भी बच्चों को जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दी और कहा माखन चुराकर जिसने खाया, बंसी बजाकर जिसने सबको नचाया, खुशी मनाओ उनके जन्मदिन की, जिसने दुनिया को प्रेम का रास्ता दिखाया। इस त्योहार पर हर ओर खुशियां ही खुशियां दिखती है। सभी शिक्षिकाओं अनुपम सिन्हा, ज्योति कुमारी, स्नेह लता कुमारी, मितू कुमारी, आरती कुमारी, वैष्णवी कुमारी, गुलिस्ता नाज और डांस टीचर गौतम सर ने भी जन्माष्टमी के शुभ अवसर पर सबको बधाइयां और शुभकामनाएं दी और टॉफियां बाटी। सभी बच्चे हाथी घोड़ा पालकी जय कन्हैया लाल की, राधा तेरी चुनरी, आदि गानों पर जमकर मस्ती की।
रूप बड़ा प्यारा है, चेहरा बड़ा निराला है, बड़ी से बड़ी मुसीबत को कन्हैया जी ने पल में हल कर डाला है।




