अरविंद कुमार

मोतिहारी। पूर्वी चंपारण में ईद उल अजहा की नमाज शांतिपूर्ण माहौल में सौहार्द पूर्वक अदा की गई। लॉक डाउन की वजह से सोशल डिस्टेंसिगं का पालन करते हुए लोगों ने मस्जिद एवं अपने घरों में विगत वर्ष की तरह इस वर्ष भी शांति पूर्ण तरीके से मनाया गया।इस अवसर पर केसरिया जामा मस्जिद के इमाम मौलाना अनिसुर रहमान चिश्ती ने कहा कि हजरत इब्राहिम ने अपने इकलौते पुत्र को अल्लाह के आदेशानुसार कुर्बानी करने को तैयार हो गए आपकी नियत और पोख्ता इरादे को देखते हुए रब ने जन्नत से एक दुंबा भेज दिया और उस की कुर्बानी हुई। इस वजह से कुर्बानी करना आप की सुन्नत है। साथ ही मनुष्य अपने आपको गुनाहों से महफूज रखे।आपसी भाई चारगी,अमन व शांति के साथ इंसानियत की राह पर चलने का आह्वान करे और ईश्वर के आदेश के मुताबिक़ अपनी जिंदगी गुजारे यह सबसे बड़ी कुर्बानी है। वहीं उन्होंनेे इस देश में अमन व शांति और करोना से निजात की दुआ मांगी गई।
इस मौके से जदयू नेता वसील अहमद खान, मुखिया अमजद अली खां उर्फ गुड्डू खां,हाफिज ओबैद रजा, मौलाना नैमतुल्लाह, खुर्शिद आलम,असरफ आलम,सम्मी आलम,फैज आलम,मोहम्मद इद्रीस,रहीमुद्दीन,अख्तर हुसैन,कौसर अली,चुन्नू खान,यूसुफ खान, आसिफ खान,मो0 नसीम नौसाद उर्फ मून्ना,साजीद खां, हाजी हबीब मास्टर, हातिम खां,मोगल खां,जूम्मा खां,फिरोज खान,प्रिंस खां, आजाद खां,वाजीद खां, अदालत हुसैन खां, समेत दरजनों लोग मौजूद थे।




