:- रवि शंकर शर्मा (अमित)
मुख्यमंत्री का “तेजस्वी बच्चा है,यही सब कुछ है” वयान उनपर लालू जी के दबाब का परिणाम,
जंगलराजवालों को रोकने के लिये चलता रहेगा भाजपा का संघर्ष,
अपराधियों औऱ भरस्टाचारियों की सरकार को उखाड़ फेकेगी राज्य की जनता।
पटना 21 अक्टूबर 2023
भाजपा विधानमंडल दल के नेता श्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा है कि जदयू के लिए भाजपा का दरवाजा बंद हो जाने के बाद राजद ने तेजस्वी यादव को मुख्यमंत्री बनाने के लिए दबाब बढ़ाना शुरू कर दिया है।
श्री सिन्हा ने कहा कि अगस्त2022में जदयू ने राजद के साथ जो डील किया था उसमें दिसम्बर22-जनवरी 23 में तेजस्वी यादव को नेतृत्व सोंपने की चर्चा थी।लेकिन जदयू के नेतृत्व के द्वारा वरावर भ्रमित करने वाला वयान देकर राजद को डराया जाने लगा।भाजपा के केंद्रीय औऱ राज्य नेतृत्व के द्वारा जदयू के लिए दरवाजा बंद होने की सार्बजनिक घोषणा की गई।फिर भी जदयू सुनियोजित ढंग से भाजपा से एकतरफा नजदीकी दिखाने का नाटक करता रहा।अब 14 महीने के बाद राजद को समझ में आ गया कि भाजपा जदयू को अपने साथ नहीं जोड़ेगी तब उन्होंने तेजस्वी यादव को नेतृत्व देने हेतु दावा और दबाब बढ़ा दिया है।
श्री सिन्हा ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने लालू प्रसाद के दबाब में सफाई दी है कि “तेजस्वी बच्चा है,यही सब कुछ है”।उन्हें स्मरण होगा कि इसी बच्चे के पिता औऱ परिवार द्वारा बिहार में अपराधियों, भरस्टाचारियों औऱ माफियाओं का शासन स्थापित कर 1990 से 2005 तक राज्य में जंगलराज कायम किया गया था।भाजपा ने इनके विरुद्ध लम्बी लड़ाई लड़कर इन्हें हटाया औऱ नीतीश कुमार को नेतृत्व देकर राज्य में सुशासन की शुरुआत किया।लेकिन निजी स्वार्थ औऱ महत्वाकांक्षा के कारण नीतीश कुमार ने 2013 से 2017 औऱ 2022 में एक बार फिर इनसे गठजोड़ कर लिया।राज्य में बिगड़ी कानून व्यवस्था औऱ भ्रष्टाचार के कारण ये 2017 में राजद छोड़कर भागे थे।भाजपा राज्य की जनता के सहयोग से अपराधियों औऱ भरस्टाचारियों की इस सरकार को उखाड़ फेकेगी।
श्री सिन्हा ने कहा कि महागठबंधन का तीसरा बड़ा दल कांग्रेस के अध्यक्ष ने भी तेजस्वी यादव को मुख्यमंत्री स्वीकार करने की बात कही है।चूंकि राजद ने खुलेआम राहुल गांधी को प्रधानमंत्री पद का उम्मीदवार वताया है,कांग्रेस राजद का नेतृत्व बिहार में स्वीकार कर रही है।अब नीतीश जी घबराहट में है।अपनी कुर्सी पर खतरा मंडराते देख तुरत लालू जी की वंदना में लग गए।लालूजी भी इनके 5-7 विधायक को तोड़ने के फिराक में हैं।ऐसा होने पर नीतीश जी मुख्यमंत्री भी नहीं रह पाएंगे।
श्री सिन्हा ने कहा कि जदयू के नेताओं को अब अपना भविष्य तलाशना होगा।कुछ वरीय जदयू नेताओं को लग रहा था कि नीतीश जी उन्हें अपना उत्तराधिकारी बना सकते हैं।लेकिन अब स्थिति स्पष्ट हो चुकी है।मुख्यमंत्री ने बिहार को फिर से जंगलराजवालों को सोंपने की अपनी तैयारी पूरी कर ली है।एक बार फिर बिहार को अराजकता में धकेलने के नायक के रूप में नीतीश कुमार बिहार के इतिहास में जाने जाएंगे।
श्री सिन्हा ने कहा कि बिहार के लोग नवरात्रि के पावन अवसर पर जातीय विकारों से मुक्त होकर संकल्प लें कि इस कुशासन से बिहार को मुक्त कराने के लिए अपना भरपूर योगदान देंगे।




