रवि शंकर शर्मा –
• विहिप के केंद्रीय उपाध्यक्ष कामेश्वर चौपाल ने कहा, मां सीताजी के मंदिर को भी बनाएंगे और मां को भगवती के रूप में भी स्थापित करेंगे
• काउंसिल ने अब तक 25 एकड़ से अधिक भूमि का एग्रीमेंट कर लिया है
• पूरे देश में मां सीताजी के आदर्शों तथा मंदिर निर्माण की जानकारी देंगे चौपाल
पटना। माता सीताजी के प्राकट्य-क्षेत्र सीतामढ़ी में मां सीता की भव्य प्रतिमा एवं मंदिर की स्थापना के लिए रामायण रिसर्च काउंसिल के तत्वावधान में एक बैठक आयोजित की गई। विद्यापति भवन में आयोजित इस बैठक में मां के भव्य मंदिर के साथ संबंधित क्षेत्र को तीर्थ एवं पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने पर चर्चा हुई। बैठक की अध्यक्षता विश्व हिन्दू परिषद के केंद्रीय अध्यक्ष डॉ. आर.एन. सिंह ने की। इस मौके पर संत परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज, सेवानिवृत्त जज समरेंद्र प्रताप सिंह, सेवानिवृत्त आईपीएस अरविंद कुमार ठाकुर, सेवानिवृत्त आईएएस उदय कुमार सिंह, शिक्षाविद् डॉ. विश्वनाथ झा, आरएसएस के क्षेत्रीय कार्यवाह डॉ. मोहन सिंह, चेतना समिति के सचिव उमेश मिश्र, सेवानिवृत्त डीआईजी (रेलवे) ओम प्रकाश गुप्ता, भाजपा ओबीसी मोर्चा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य अर्चना राय भट्ट, जानकी सेना के मुख्य संरक्षक मृत्युंजय झा, श्रीदशहरा कमेटी ट्रस्ट (पटना) के अध्यक्ष अरुण जी, डॉ. सुमन लाल, शिवानी जी, आशुतोष सिंह आदि ने अपने विचार व्यक्त करते हुए इसे एक विश्वव्यापी अभियान बनाने का संकल्प लिया।
इस अवसर पर विश्व हिन्दू परिषद के केंद्रीय उपाध्यक्ष तथा श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के ट्रस्टी कामेश्वर चौपाल ने कहा कि मां सीताजी के उदभव और आदर्शों के बारे में तथा यह मंदिर क्यों आवश्यक है, इस विषय को पूरे देश को बताना चाहते हैं। श्री चौपाल ने कहा कि इसके लिए काउंसिल के तत्वावधान में ‘श्रीभगवती सीता मंदिर निर्माण जगजागरण अभियान समिति’ गठित की गई है, जिसके माध्यम से हर प्रदेश में बैठक आयोजित कर लोगों को जागरूक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि आज इसकी शुरूआत बिहार की धरती से हो गई है। इस अभियान को गति देने के लिए श्री चौपाल ने सेवानिवृत्त जज समरेंद्र प्रताप सिंह को काउंसिल में बिहार प्रदेश का दायित्व दिया। श्री चौपाल ने कहा कि वह शीघ्र ही पूरे बिहार तथा झारखंड में कमेटी की घोषणा कर पूरे देश में काउंसिल की कमेटी का विस्तार करेंगे। वहीं विश्व हिंन्दू परिषद के केंद्रीय अध्यक्ष डॉ. आरएन सिंह और संघ के क्षेत्रीय कार्यवाह डॉ. मोहन सिंह ने लोगों से इस अभियान से जुड़ने की अपील की और स्वयं भी हरसंभव सहयोग का आह्वान किया।
काउंसिल के लीगल सेल के अध्यक्ष राकेश खन्ना ने कहा कि काउंसिल के तत्वावधान में मां सीता की भव्य प्रतिमा एवं मंदिर की स्थापना के लिए सीतामढ़ी में लगभग 25 एकड़ भूमि का एग्रीमेंट भी हो चुका है। श्री खन्ना ने कहा कि संबंधित स्थान को शक्ति एवं पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि 51 शक्तिपीठों से मिट्टी एवं ज्योत लाकर मां सीताजी को पहली बार भगवती के रूप में स्थापित किया जाएगा, तो वहीं यहां एक अंतरराष्ट्रीय सांस्कृतिक भवन की स्थापना कर इसे एक पर्यटन केंद्र के रूप में भी विकसित करने का संकल्प है। कार्यक्रम में बिहार के विभिन्न ज़िलों से 100 से अधिक प्रबुद्धजनों ने हिस्सा लिया। धन्यवाद ज्ञापन सुजीत पासवान से दिया।
रामायण रिसर्च काउंसिल के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोनीत हुए कामेश्वर चौपाल
कार्यक्रम के दौरान काउंसिल के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने सर्वसम्मति के साथ विश्व हिन्दू परिषद के केंद्रीय उपाध्यक्ष तथा श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के ट्रस्टी कामेश्वर चौपाल को राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोनीत करने की घोषणा की। श्री चौपाल को प्रशस्ति-पत्र देकर घोषणा करने वालों में काउंसिल के वरिष्ठ सदस्य तथा राज्य सभा से सेवानिवृत्त अपर सचिव चंद्रशेखर मिश्र, लीगल सेल के अध्यक्ष तथा सुप्रीम कोर्ट में वरिष्ठ अधिवक्ता राकेश खन्ना, काउंसिल के प्रबंधक राजीव सिंह, काउंसिल के प्रवक्ता एवं सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ता अवधेश सिंह, लीगल सेल के महासचिव तथा सुप्रीम कोर्ट में अधिवक्ता अमरेंद्र सिंह, काउंसिल के महासचिव कुमार सुशांत, सचिव पिताम्बर मिश्र ने हिस्सा लिया। राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोनीत होने के बाद कामेश्वर चौपाल ने कहा कि हम इस विषय को बिहार की धरती से लेकर विश्व-स्तर पर हम पहुंचाएंगे और मां के आदर्शों का जन-जन में प्रसार करते हुए मां सीताजी की भव्य प्रतिमा हर हाल में सीतामढ़ी में स्थापित करेंगे। वहीं चंद्रशेखर मिश्र को, काउंसिल के अंतर्गत अयोध्या में श्रीराम मंदिर संघर्ष पर लिखे जा रहे ग्रंथ ‘श्रीरामलला- मन से मंदिर तक’ हेतु ग्रंथ प्रकाशन समिति का अध्यक्ष मनोनीत किया गया। (राजीव कुमार सिंह, प्रबंधक) (प्रवक्ता, रामायण रिसर्च काउंसिल) मोबाइल- 9873288924 मोबाइल- 9999257373




